संयुक्त अरब अमीरात (UAE) 1 जनवरी, 2026 से एकल-उपयोग (सिंगल-यूज़) प्लास्टिक उत्पादों पर अपने राष्ट्रव्यापी प्रतिबंध के दूसरे और महत्वपूर्ण चरण को लागू करने के लिए पूरी तरह तैयार है। जैसे-जैसे यह तारीख नजदीक आ रही है, हॉटपैक (Hotpack) जैसी स्थानीय पैकेजिंग निर्माता कंपनियां भी जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण मंत्रालय (MOCCAE) द्वारा तय किए गए नए नियमों का पालन करने के लिए अपनी कमर कस चुकी हैं। ये कंपनियां अपनी उत्पादन प्रक्रियाओं और सप्लाई चेन में बड़े बदलाव कर रही हैं ताकि नए मानकों पर खरा उतरा जा सके।
किन चीजों पर लगेगा प्रतिबंध?
आगामी 1 जनवरी से लागू होने वाले इस चरण में प्रतिबंध का दायरा बढ़ा दिया गया है। अब प्लास्टिक के कप, ढक्कन, कटलरी (चम्मच-कांटे), प्लेट, स्ट्रॉ, स्टिरर और स्टायरोफोम से बने खाने के कंटेनर जैसी चीजें इसमें शामिल होंगी। इसके अलावा, कागज सहित किसी भी सामग्री के 50 माइक्रोन से कम मोटाई वाले सिंगल-यूज़ थैलों पर भी व्यापक प्रतिबंध लागू होगा। हालांकि, सरकार ने घरेलू रीसाइक्लिंग और स्थानीय विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए एक राहत भी दी है—यदि ये उत्पाद यूएई के भीतर ही रीसाइकिल की गई सामग्री (recycled materials) का उपयोग करके बनाए गए हैं, तो उन्हें इस प्रतिबंध से छूट मिलेगी।

बाजार की तैयारी और बदलता रुझान
हाइपरमार्केट, होटल, रेस्तरां और फूड चेन समेत सभी खुदरा विक्रेता जनवरी 2026 की समय सीमा को ध्यान में रखते हुए तेजी से बदलाव कर रहे हैं। उद्योग के जानकारों का कहना है कि बाजार में अब रीसाइकिल की गई पैकेजिंग और पर्यावरण के अनुकूल (इको-फ्रेंडली) सामग्री की मांग काफी संतुलित हो गई है। दुकानदार अब ऐसे उत्पादों को ही प्राथमिकता दे रहे हैं जो नए नियमों के अनुरूप हों और जिन पर स्पष्ट लेबलिंग हो।
हॉटपैक का नया दृष्टिकोण
इस बदलाव पर बात करते हुए हॉटपैक के ग्रुप सीईओ और प्रबंध निदेशक, श्री अब्दुल जेब्बार पीबी ने कहा कि यूएई की स्थिरता नीतियां (sustainability policies) निर्माताओं और खुदरा विक्रेताओं के लिए एक स्पष्ट रास्ता दिखा रही हैं। उन्होंने कहा, “पैकेजिंग समाधान अब तेजी से ‘क्लोज्ड-लूप सिस्टम’ पर केंद्रित हो रहे हैं, यानी ऐसे उत्पाद जो इस्तेमाल के बाद रीसाइक्लिंग इकोसिस्टम का हिस्सा बने रहें और कचरा न बनें।”
उन्होंने आगे बताया कि निर्माता इस डेडलाइन से काफी पहले से तैयारी कर रहे थे। पिछले एक दशक में रिसर्च और नई तकनीक में किए गए निवेश की बदौलत, अब 100 प्रतिशत तक रीसाइकिल सामग्री वाले उत्पादों का निर्माण संभव हो पाया है।
विकल्पों की भरमार
हॉटपैक के सह-संस्थापक श्री ज़ैनुद्दीन पीबी ने बताया कि प्रतिबंध को देखते हुए कंपनी ने प्लास्टिक के कई विकल्प पेश किए हैं। इनमें रीसाइकिल किए गए पॉलिमर के साथ-साथ कागज, बोर्ड, एल्यूमीनियम, मोल्डेड फाइबर और पौधों से बनी सामग्री (plant-based materials) शामिल हैं। इसके अलावा, होटलों और डाइनिंग सेवाओं के लिए बार-बार इस्तेमाल होने वाले (धोने योग्य) पैकेजिंग फॉर्मेट भी विकसित किए गए हैं।
हालांकि, उन्होंने एक चुनौती की ओर भी इशारा किया। उन्होंने कहा, “रीसाइकिल किए गए कच्चे माल की लागत वर्जिन (नए) प्लास्टिक की तुलना में अधिक है, और स्थानीय स्तर पर इसकी उपलब्धता अभी भी एक चुनौती है। इसलिए सरकार और उद्योग के बीच सहयोग बहुत जरूरी है।”
तकनीकी नवाचार
प्रतिबंधित स्टायरोफोम (EPS) के बारे में बात करते हुए, हॉटपैक के तकनीकी निदेशक श्री अनवर पीबी ने स्पष्ट किया कि उनकी कंपनी अब ईपीएस उत्पाद नहीं बनाती है। इसके बजाय, उन्होंने H-PET और H-RPET जैसी सामग्रियों का उपयोग करके ऐसे विकल्प तैयार किए हैं, जो प्लास्टिक का उपयोग 30 प्रतिशत तक कम करते हैं और पूरी तरह से रीसाइकिल करने योग्य हैं।
यह नीति जनवरी 2024 में लागू हुए पहले चरण का विस्तार है, जिसमें सिंगल-यूज़ प्लास्टिक शॉपिंग बैग पर रोक लगाई गई थी। अब दूसरे चरण के साथ, यूएई अपने पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठा रहा है।





