Saudi Arabia Big Update: सऊदी ने साइन किए 33 अरब रियाल के डिफेंस डील, मक्का-जेद्दा रूट पर चलेंगी 20 नई ट्रेनें
सऊदी अरब ने फरवरी 2026 की शुरुआत में अपने देश के विकास के लिए कई बड़े और अहम फैसले लिए हैं। इसमें रक्षा क्षेत्र को मजबूत करने के लिए 33 अरब रियाल के समझौते और यात्रियों की सुविधा के लिए नई ट्रेनों का ऐलान शामिल है। इन समझौतों का सीधा असर देश की अर्थव्यवस्था और वहां रहने वाले लोगों के जीवन पर पड़ेगा। सरकार का पूरा जोर अब चीजों को सऊदी के अंदर ही बनाने पर है।
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रक्षा क्षेत्र में हुए 33 अरब रियाल के समझौते का क्या मतलब है?
रियाद में हुए वर्ल्ड डिफेंस शो 2026 के दौरान कुल 60 नए समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इनका कुल मूल्य 33 अरब रियाल यानी करीब 8.8 अरब डॉलर है। इसका मुख्य मकसद सेना से जुड़े साजो-सामान को सऊदी अरब के भीतर ही तैयार करना है। विजन 2030 के तहत सरकार चाहती है कि सेना पर होने वाले खर्च का 50 हिस्सा स्थानीय उद्योगों को मिले।
इस डील में फ्रांस की एमबीडीए, अमेरिका की रेथियॉन और दक्षिण कोरिया की हनवा एयरोस्पेस जैसी बड़ी अंतरराष्ट्रीय कंपनियां शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि इस क्षेत्र में अब 34,000 लोग काम कर रहे हैं, जिनमें 63 प्रतिशत सऊदी नागरिक हैं। यह स्थानीय रोजगार को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
नई ट्रेनों और बिजली प्रोजेक्ट से आम आदमी को क्या सुविधा मिलेगी?
सफर को आसान बनाने के लिए सऊदी अरब ने स्पेनिश कंपनी टैल्गो के साथ 20 नई हाई-स्पीड ट्रेनों का सौदा किया है। ये ट्रेनें 2028 से 2031 के बीच पटरी पर दौड़ने लगेंगी। मक्का और जेद्दा के बीच चलने वाली हरमैन हाई-स्पीड रेलवे में इन ट्रेनों के जुड़ने से पीक समय में हर 10 मिनट पर ट्रेन उपलब्ध होगी। इससे हज और उमराह यात्रियों को काफी राहत मिलेगी।
इसके अलावा, सऊदी कैबिनेट ने रियाद और दोहा (कतर) के बीच 785 किलोमीटर लंबी रेल लिंक को भी मंजूरी दी है। इससे दोनों शहरों के बीच का सफर घटकर करीब 2 घंटे का रह जाएगा। ऊर्जा क्षेत्र में तुर्की के साथ मिलकर 5000 मेगावाट का सोलर प्रोजेक्ट शुरू किया गया है, जिससे लाखों घरों को बिजली मिलेगी।
| प्रोजेक्ट का नाम | विवरण |
| रक्षा सौदा | 33 अरब रियाल (60 कॉन्ट्रैक्ट) |
| हरमैन ट्रेन | 20 नई ट्रेनें (300 किमी/घंटा) |
| रियाद-दोहा लिंक | 2 घंटे का सफर, 785 किमी |
| सोलर पावर | 5 गीगावाट (तुर्की के साथ) |




