Dubai Police ने भिखारी को दबोचा, जेब से निकले 20 हजार दिरहम, लग्जरी कारों वालों को बनाता था निशाना
दुबई पुलिस ने अपने ‘Combating Begging’ अभियान के तहत एक भिखारी को गिरफ्तार किया है, जिसके पास से 20,000 दिरहम (लगभग 4.5 लाख रुपये) नकद बरामद हुए हैं. यह गिरफ्तारी रमजान के महीने से ठीक पहले चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान हुई है. पुलिस ने बताया कि यह व्यक्ति साइकिल पर घूमता था और शहर के पॉश इलाकों में लोगों को अपनी बातों में फंसाकर पैसे मांगता था. यह कार्रवाई संदिग्ध व्यक्तियों और आपराधिक घटनाओं से निपटने वाले विभाग (Suspicious Persons and Criminal Phenomena Department) द्वारा की गई है.
भिखारी कैसे बनाता था लोगों को अपना शिकार?
जांच में पता चला है कि गिरफ्तार किया गया व्यक्ति बहुत ही शातिर तरीके से लोगों से पैसे ऐंठता था. वह शहर में घूमने के लिए साइकिल का इस्तेमाल करता था ताकि वह आसानी से एक जगह से दूसरी जगह जा सके. उसका मुख्य निशाना ट्रैफिक सिग्नल और पब्लिक पार्किंग में खड़ी Luxury Vehicles (महंगी गाड़ियां) होती थीं.
वह कार मालिकों के पास जाकर गरीबी और भूख की झूठी कहानियां सुनाता था ताकि उन्हें इमोशनल किया जा सके. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह गिरफ्तारी अभियान के पहले 48 घंटों के अंदर हुई है. इस दौरान पुलिस ने कुल सात भिखारियों को पकड़ा है. अधिकारियों के मुताबिक, पकड़े गए लगभग 90% भिखारी विजिट वीजा पर देश में आते हैं ताकि रमजान के दौरान लोगों की दरियादिली का फायदा उठा सकें.
भीख मांगने पर दुबई में क्या है सजा?
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में भीख मांगना कानूनन जुर्म है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह शहर की छवि को नुकसान पहुंचाता है. Federal Decree-Law No. 31 of 2021 के तहत इसके लिए सख्त सजा और जुर्माने का प्रावधान है. अगर कोई व्यक्ति भीख मांगते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे जेल और भारी जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है.
नियमों के अनुसार सजा का विवरण इस प्रकार है:
| अपराध का प्रकार | सजा और जुर्माना |
| अकेले भीख मांगना | 3 महीने तक की जेल और कम से कम 5,000 दिरहम जुर्माना |
| गैंग बनाकर भीख मांगना | कम से कम 6 महीने की जेल और 1 लाख दिरहम तक जुर्माना |
| ऑनलाइन भीख मांगना | 2.5 लाख से 5 लाख दिरहम तक का जुर्माना |
आम जनता को पुलिस ने दी यह सलाह
दुबई पुलिस के ब्रिगेडियर अली सलेम अल शम्सी ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे लोगों की बातों में न आएं. उन्होंने कहा कि अगर कोई सच में मदद करना चाहता है, तो उसे अपना पैसा रजिस्टर्ड चैरिटी संस्थाओं को ही देना चाहिए. इससे यह सुनिश्चित होता है कि पैसा सही जरूरतमंद तक पहुंचे.
पुलिस ने निवासियों से आग्रह किया है कि अगर उन्हें कोई भीख मांगते हुए दिखे, तो वे तुरंत इसकी सूचना दें. लोग 901 पर कॉल कर सकते हैं या दुबई पुलिस के स्मार्ट ऐप पर मौजूद ‘Police Eye’ सर्विस का इस्तेमाल कर सकते हैं. ऑनलाइन भीख मांगने वालों की रिपोर्ट www.ecrime.ae पर की जा सकती है.




