Prophet’s Mosque में श्रद्धालुओं के लिए खास इंतजाम, 250 छतरियां गर्मी में देंगी 14 डिग्री तक की ठंडक
सऊदी अरब में Prophet’s Mosque आने वाले श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन ने बड़े इंतजाम किए हैं। सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) ने 28 फरवरी, 2026 को बताया कि मस्जिद के आंगन में लगी 250 ऑटोमेटेड छतरियां पूरी तरह काम कर रही हैं। रमजान के इस सीजन में भारी भीड़ को देखते हुए यह सिस्टम लोगों को धूप और गर्मी से बचाने के लिए तैयार किया गया है। प्रशासन का मकसद है कि रोजेदारों और नमाजियों को इबादत के दौरान सुकून भरा माहौल मिले।
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जानिए इन 250 हाईटेक छतरियों की खासियत क्या है
मस्जिद के आंगन में लगी ये छतरियां आधुनिक इंजीनियरिंग का एक बेहतरीन नमूना हैं। ये सिर्फ धूप ही नहीं रोकतीं, बल्कि इनमें लगा कूलिंग सिस्टम तापमान को काफी हद तक कम कर देता है। इनमें 436 मिस्टिंग पंखे लगे हैं जो पानी की फुहार से हवा को ठंडा करते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, यह सिस्टम बाहरी तापमान को 14 डिग्री सेल्सियस तक कम कर सकता है।
इन छतरियों के नीचे एक साथ लाखों लोग नमाज पढ़ सकते हैं। नीचे दी गई तालिका में आप इन छतरियों से जुड़ी अहम जानकारी देख सकते हैं:
| कुल छतरियां | 250 यूनिट |
| एक छतरी का साइज | 25.5 x 25.5 मीटर |
| ऊंचाई | 22 मीटर |
| वजन | 40 टन प्रति छतरी |
| क्षमता | 2 लाख 28 हजार लोग |
नए स्मार्ट मैप और उमराह नियमों की जानकारी
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जनरल अथॉरिटी के सीईओ इंजीनियर गाजी अल-शहरानी ने हाल ही में एक स्मार्ट इंटरएक्टिव मैप लॉन्च किया है। इससे मदीना आने वाले लोग आसानी से अपना रास्ता, गेट और नमाज की जगह ढूंढ सकेंगे। भीड़ को संभालने और नियमों का पालन कराने के लिए मंत्रालय ने सख्त कदम उठाए हैं। हाउंसिंग के वादे पूरे न करने पर तीन उमराह कंपनियों को सस्पेंड भी किया गया है।
अगर आप या आपके परिवार का कोई सदस्य वहां जा रहा है, तो इन नियमों का ध्यान रखना जरूरी है:
- Rawdah (रियाज उल जन्नत) में जाने के लिए Nusuk App से परमिट लेना अनिवार्य है।
- यह परमिट साल में सिर्फ एक बार (365 दिन में एक बार) मिलता है।
- आपको अपने तय समय से 15-30 मिनट पहले पहुंचना होगा।
- बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए मक्का गेट नंबर 37 के पास व्हीलचेयर और अलग एंट्री की व्यवस्था है।
- मस्जिद परिसर में फोटोग्राफी और शोर मचाना मना है, ताकि दूसरों की इबादत में खलल न पड़े।




