पुतिन ने खाड़ी देशों को दिया भरोसा, ईरान तक पहुँचाएंगे उनकी बात, तेल के दाम 82 डॉलर पार
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने खाड़ी देशों (Gulf Countries) के नेताओं से बात की है और उन्हें भरोसा दिया है कि वे ईरान के सामने उनकी चिंताओं को रखेंगे। क्रेमलिन ने मंगलवार को जानकारी दी कि पुतिन खाड़ी के नेताओं की ‘बढ़ती चिंताओं’ को ईरान तक पहुँचाएंगे। यह कदम हाल ही में ऊर्जा ठिकानों और रिफाइनरियों पर हुए हमलों के बाद उठाया गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल है।
खाड़ी के किन नेताओं से हुई बात?
व्लादिमीर पुतिन ने सोमवार को यूएई, सऊदी अरब, कतर और बहरीन के नेताओं के साथ फोन पर लंबी बातचीत की। इसमें सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान शामिल थे। इन नेताओं ने बताया कि कैसे हमलों के कारण उनके यहाँ आम नागरिकों और ऊर्जा इंफ्रास्ट्रक्चर को खतरा पैदा हुआ है।
- सऊदी अरब: रास तनुरा रिफाइनरी में आग लगने की खबर है।
- कतर: मेसईद और रास लाफान में एलएनजी (LNG) उत्पादन रोकना पड़ा।
- यूएई: राष्ट्रपति ने बताया कि हमलों का सीधा असर उनके क्षेत्र पर पड़ा है।
तेल की कीमतों और आम आदमी पर असर
इन हमलों और तनाव के कारण कच्चे तेल (Brent Crude) की कीमतों में भारी उछाल आया है। बाज़ार में तेल का भाव 82.37 डॉलर प्रति बैरल तक पहुँच गया है, जो पहले 73 डॉलर के करीब था। इसका सीधा असर पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर पड़ सकता है, जिससे आम आदमी की जेब पर बोझ बढ़ेगा।
इसके अलावा, फारस की खाड़ी में जहाजों की आवाजाही में 33% की गिरावट आई है। रूस ने कहा है कि ईरान के साथ उनके पुराने रणनीतिक रिश्ते हैं, इसलिए वे इस मामले में बातचीत करके तनाव कम करने की कोशिश करेंगे। गल्फ में रहने वाले भारतीयों के लिए यह खबर महत्वपूर्ण है क्योंकि इसका असर फ्लाइट्स और स्थानीय महंगाई पर भी पड़ सकता है।




