UAE और अमेरिका की कोशिश लाई रंग, रूस-यूक्रेन ने दो दिन में रिहा किए 1000 कैदी
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और अमेरिका की मध्यस्थता में रूस और यूक्रेन के बीच एक बड़ी सहमति बनी है। 6 मार्च, 2026 को दोनों देशों ने कुल 600 कैदियों की अदला-बदली पूरी की। इससे ठीक एक दिन पहले भी 400 कैदियों को रिहा किया गया था। इस तरह, केवल 48 घंटों के भीतर कुल 1,000 सैनिकों को मुक्त कराया गया है, जो इस संघर्ष के दौरान एक बड़ा मानवीय कदम माना जा रहा है।
कैसे हुई सैनिकों की रिहाई?
अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, 6 मार्च को हुए समझौते के तहत रूस ने 300 यूक्रेनी सैनिकों को छोड़ा और बदले में यूक्रेन ने 300 रूसी सैनिकों को रिहा किया। यह प्रक्रिया ‘300 के बदले 300’ के फॉर्मूले पर आधारित थी। इससे पहले 5 मार्च को दोनों पक्षों ने 200-200 सैनिकों की अदला-बदली की थी।
रिहा किए गए रूसी सैनिकों को मेडिकल जांच और सहायता के लिए पहले बेलारूस भेजा गया है, जिसके बाद उन्हें रूस के रक्षा मंत्रालय के केंद्रों में भेजा जाएगा। वहीं, यूक्रेन लौटे लोगों में वे सैनिक भी शामिल हैं जिन्होंने युद्ध के शुरुआती दिनों में मारियुपोल और अन्य क्षेत्रों में लड़ाई लड़ी थी।
UAE की भूमिका और अब तक का रिकॉर्ड
यह अदला-बदली अबू धाबी में हुई उच्च स्तरीय बातचीत का नतीजा है। यह UAE द्वारा सफल कराई गई 20वीं मध्यस्थता है। अब तक UAE की कोशिशों से कुल 5,955 कैदियों को दोनों पक्षों से रिहा कराया जा चुका है।
- बातचीत का स्थान: त्रिपक्षीय चर्चा मुख्य रूप से अबू धाबी में आयोजित की गई थी।
- कूटनीतिक संबंध: UAE के अधिकारियों ने बताया कि दोनों देशों के साथ अच्छे संबंध होने के कारण वे एक निष्पक्ष मध्यस्थ की भूमिका निभा पा रहे हैं।
- सैन्य संवाद: खबरों के मुताबिक, इस दौरान अमेरिका और रूस ने 2021 से बंद पड़े अपने सैन्य संवाद चैनलों को फिर से शुरू करने पर भी सहमति जताई है।
यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने अपने नागरिकों की वापसी की पुष्टि की और अमेरिका के सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। वहीं, रूसी विदेश मंत्रालय ने भी इसे एक जटिल प्रक्रिया बताते हुए UAE और अमेरिका के मानवीय प्रयासों की सराहना की है।





