खाड़ी देशों में छिड़ी जंग के बीच ओमान ने की इमरजेंसी बैठक, तेल और गैस की सप्लाई पर बड़ा संकट
ओमान के सुल्तान ने खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव और ईरान के साथ जारी संघर्ष के बीच एक महत्वपूर्ण आपातकालीन बैठक में हिस्सा लिया है। इस मीटिंग में यूरोपियन यूनियन (EU) के साथ सऊदी अरब, यूएई और कतर जैसे देशों के नेता शामिल हुए। इस चर्चा का मुख्य मकसद खाड़ी में छिड़ी जंग के कारण वैश्विक तेल और गैस सप्लाई को होने वाले नुकसान को रोकना और क्षेत्रीय सुरक्षा बहाल करना है।
मीटिंग में लिए गए मुख्य फैसले और वर्तमान स्थिति
- ईरान में चल रही जंग और ऊर्जा केंद्रों पर हमलों के कारण गैस की वैश्विक कीमतों में 50 प्रतिशत तक का उछाल आया है।
- कतर की ऊर्जा कंपनियों (QatarEnergy) पर ड्रोन हमलों के बाद LNG का उत्पादन पूरी तरह बंद हो गया है जो दुनिया की 20 प्रतिशत क्षमता के बराबर है।
- स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) के बंद होने से समुद्री व्यापार और तेल की सप्लाई पर गहरा असर पड़ा है।
- ओमान उन विदेशी नागरिकों को सुरक्षित निकालने के प्रयासों का नेतृत्व कर रहा है जो इस तनाव के कारण फंसे हुए हैं।
- यूरोपियन यूनियन लेबनान में फंसे 1,30,000 विस्थापित लोगों के लिए 10 मार्च को पहली राहत उड़ान भेजेगा।
प्रवासियों और व्यापार पर पड़ने वाला असर
खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और भारत आने-जाने वाले यात्रियों के लिए विमान सेवाओं में भारी बदलाव किए गए हैं। सुरक्षा कारणों से कई उड़ानें रद्द कर दी गई हैं या उनके रास्ते बदल दिए गए हैं। आम जनता को सलाह दी गई है कि वे ऊर्जा की बढ़ती कीमतों और सामान की सप्लाई में होने वाली देरी के लिए तैयार रहें। मस्कट स्थित अमेरिकी दूतावास ने भी सुरक्षा के मद्देनजर अपने कर्मचारियों को दफ्तर के अंदर ही रहने का आदेश दिया है। ओमान के विदेश मंत्री Sayyid Badr Al Busaidi ने चेतावनी दी है कि यह क्षेत्र एक खतरनाक मोड़ पर खड़ा है।
| विषय | महत्वपूर्ण अपडेट |
|---|---|
| गैस कीमतें | 50 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी हुई |
| कतर LNG | उत्पादन पूरी तरह से बंद हुआ |
| विमान सेवा | सुरक्षा कारणों से उड़ानों में देरी और कैंसिलेशन |
| राहत कार्य | 1.30 लाख लोगों के लिए ReliefEU की मदद |




