NATO-Gulf Meeting: ईरान युद्ध और क्षेत्रीय तनाव पर अगले हफ्ते होगी अहम बैठक, 32 देशों के राजदूत लेंगे हिस्सा
ईरान युद्ध और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। अगले हफ्ते NATO के 32 सदस्य देशों के राजदूत और गल्फ देशों के प्रतिनिधि एक अहम बैठक करने जा रहे हैं। इस बैठक में मुख्य रूप से ईरान के साथ चल रहे युद्ध और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा की जाएगी। हाल ही में हुए मिसाइल और ड्रोन हमलों को देखते हुए इस बातचीत को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बैठक में कौन-कौन शामिल होगा और क्या है एजेंडा?
इस अहम बैठक में NATO देशों के अलावा गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (GCC) के अधिकारी मौजूद रहेंगे। रिपोर्ट के मुताबिक, इसमें बहरीन, कुवैत, कतर और UAE के प्रतिनिधि भी हिस्सा लेंगे। इस चर्चा का मुख्य एजेंडा ईरान के नए सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei के नेतृत्व और क्षेत्रीय सुरक्षा पर केंद्रित रहेगा। गल्फ में रहने वाले प्रवासियों और नागरिकों की सुरक्षा के लिहाज से यह एक बड़ा कदम है और इससे क्षेत्र में शांति बहाली की उम्मीद है।
UAE और तुर्की पर हुए हालिया हमले और सुरक्षा उपाय
पिछले कुछ दिनों में गल्फ क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है। मंगलवार को UAE के रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी कि उन्होंने कई हमलों को सफलतापूर्वक नाकाम किया है। इन घटनाओं के बाद सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है।
- UAE ने हाल ही में 8 बैलिस्टिक मिसाइलों और 26 ड्रोन्स को हवा में ही नष्ट कर दिया है।
- तुर्की के एयरस्पेस में भी NATO ने एक मिसाइल को मार गिराया, जिसकी UAE के विदेश मंत्रालय ने निंदा की है।
- UAE की सेना पूरी तरह से हाई अलर्ट पर है और देश की स्थिरता को निशाना बनाने वाले किसी भी खतरे से निपटने के लिए तैयार है।
आम लोगों और प्रवासियों के लिए क्या हैं अपडेट्स?
लगातार हो रहे हमलों के कारण कई उड़ानों पर असर पड़ा है और लोग परेशान हैं। अबू धाबी के पर्यटन विभाग (DCT) ने साफ किया है कि जो यात्री फ्लाइट रद्द होने के कारण फंसे हैं, उनके होटल और ठहरने का खर्च विभाग द्वारा उठाया जाएगा। इसके अलावा, सुरक्षा कारणों से UAE में निजी ड्रोन्स और लाइट स्पोर्ट्स एयरक्राफ्ट उड़ाने पर पूरी तरह से पाबंदी लगा दी गई है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी हाल ही में कहा है कि मध्य पूर्व का यह युद्ध जल्द खत्म हो सकता है।




