सऊदी अरब का बड़ा एक्शन, रियाद और तेल कुओं को निशाना बनाने वाले 31 ड्रोन और 3 मिसाइल किए गए नष्ट
सऊदी अरब के एयर डिफेंस सिस्टम ने पिछले 24 घंटों में 31 ड्रोन और 3 बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही रोककर नष्ट कर दिया है। रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल तुर्की अल-मलिकी ने बताया कि ये हमले रियाद के डिप्लोमैटिक क्वार्टर और अन्य प्रमुख ठिकानों को निशाना बनाकर किए गए थे। गनीमत यह रही कि इन ताजा हमलों में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है और सभी ड्रोन को समय रहते नष्ट कर दिया गया।
किन इलाकों में की गई कार्रवाई?
- रियाद का डिप्लोमैटिक क्वार्टर: एक ड्रोन इस वीआईपी इलाके की तरफ बढ़ रहा था जिसे हवा में ही मार गिराया गया।
- शेबा ऑयल फील्ड (Shaybah Oil Field): एम्प्टी क्वार्टर के पास कम से कम 5 ड्रोन को तेल कुओं की तरफ जाते हुए नष्ट किया गया।
- अन्य इलाके: इसके अलावा ईस्टर्न प्रोविंस, हफर अल-बातिन और अल-खर्ज में भी ड्रोन और मिसाइल नष्ट किए गए।
आम नागरिकों और प्रवासियों पर क्या असर है?
सऊदी में काम कर रहे भारतीय और अन्य प्रवासियों के लिए अभी स्थिति पूरी तरह सामान्य है। रोड्स जनरल अथॉरिटी (Roads General Authority) ने स्पष्ट किया है कि पूरे देश में सड़कों का नेटवर्क चालू है और यातायात पर कोई असर नहीं पड़ा है। तेल उत्पादन और बिजली-पानी जैसी जरूरी सेवाओं में भी कोई रुकावट नहीं आई है। प्रशासन ने सभी नागरिकों और प्रवासियों से कहा है कि वे सिविल डिफेंस के निर्देशों का पालन करें और आसमान से गिरने वाले किसी भी मलबे से दूर रहें।
इससे पहले 8 मार्च को अल-खर्ज इलाके में एक हमले के मलबे से दो लोगों की जान चली गई थी, जिनमें एक भारतीय और एक बांग्लादेशी नागरिक शामिल थे। इस घटना के बाद से प्रशासन और ज्यादा अलर्ट पर है और सभी सुरक्षा उपाय किए जा रहे हैं।
सऊदी सरकार का क्या कहना है?
सऊदी रक्षा मंत्रालय ने इन हमलों को पूरी तरह से शत्रुतापूर्ण बताया है। रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि देश की सुरक्षा और महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर को बचाने के लिए उनकी सेनाएं तैयार हैं। वहीं, सऊदी विदेश मंत्रालय ने भी इस मामले में कड़ी चेतावनी जारी की है। मंत्रालय ने कहा कि ईरान की यह हरकत समझदारी वाली नहीं है। उन्होंने साफ किया कि अगर ऐसे ही तनाव बढ़ता रहा तो इसके गंभीर परिणाम होंगे।





