Dubai Court Penalty: दुबई में नकली सामान बेचने पर गिरी गाज, 10 लाख दिर्हम जुर्माना और 1 साल जेल की सजा
दुबई में नकली ब्रांडेड सामान बेचने और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में कोर्ट ने सख्त सजा का ऐलान किया है। अब ऐसे मामलों में शामिल लोगों को एक साल की जेल और 10 लाख दिर्हम (Dh1-million) का भारी जुर्माना देना होगा। दुबई पब्लिक प्रॉसिक्यूशन और पुलिस ने साफ कर दिया है कि नकली सामान बेचना सिर्फ एक छोटी धोखाधड़ी नहीं है, बल्कि यह मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा एक बड़ा अपराध है। इस फैसले का सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो बाजार में सस्ते दाम पर ब्रांडेड घड़ियां और बैग बेचने का अवैध व्यापार करते हैं।
नकली सामान बेचने पर क्या हैं सजा के नियम?
दुबई क्रिमिनल कोर्ट ने यह स्पष्ट किया है कि नकली लग्जरी सामान बेचने वालों पर अब मनी लॉन्ड्रिंग और कमर्शियल फ्रॉड के तहत सीधा केस दर्ज होगा।
इस जुर्म में पकड़े जाने पर दोषी को कम से कम 1 साल की जेल काटनी होगी और 10 लाख दिर्हम का भारी जुर्माना भरना होगा।
इसके अलावा अगर कोई प्रवासी (Expat) इस मामले में दोषी पाया जाता है, तो उसे सजा पूरी होने के बाद यूएई से डिपोर्ट (Deport) कर दिया जाएगा।
दोषियों के पास से बरामद सभी नकली सामान जैसे महंगे ब्रांड के बैग, घड़ियां और अन्य एक्सेसरीज को पुलिस द्वारा जब्त करके नष्ट कर दिया जाता है।
ऑनलाइन सेल और आम पब्लिक के लिए चेतावनी
अगर नकली सामानों की बिक्री सोशल मीडिया या किसी ऑनलाइन वेबसाइट के जरिए की जाती है, तो यूएई के साइबर क्राइम कानून के तहत भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ऑनलाइन फ्रॉड के मामलों में कम से कम एक साल की जेल और 2.5 लाख से लेकर 10 लाख दिर्हम तक का जुर्माना तय किया गया है।
दुबई पुलिस की एंटी-इकोनॉमिक क्राइम डिपार्टमेंट और इकोनॉमी विभाग लगातार बाजारों के साथ-साथ गोदामों में भी छापेमारी कर रहे हैं ताकि नकली सामान की सप्लाई रोकी जा सके।
अधिकारियों ने आम जनता से भी अपील की है कि अगर उन्हें कोई लग्जरी सामान बहुत सस्ते दाम पर बेच रहा है, तो इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें।





