Bahrain Defence Force का बड़ा ऐलान, अब तक 129 मिसाइल और 221 ड्रोन को किया ढेर, नागरिकों के लिए नई गाइडलाइन जारी
Bahrain Defence Force (BDF) की जनरल कमांड ने 16 मार्च 2026 को अपनी एयर डिफेंस ऑपरेशनों को लेकर एक बड़ा अपडेट जारी किया है। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध के 17वें दिन सेना ने बताया कि उनके डिफेंस सिस्टम ने बहरीन की सुरक्षा के लिए कई बड़े हमलों को नाकाम किया है। सेना ने साफ किया है कि देश का हवाई क्षेत्र पूरी तरह सुरक्षित है और सभी जवान हाई अलर्ट पर तैनात हैं।
BDF द्वारा नाकाम किए गए हमलों का पूरा डेटा
सेना ने युद्ध की शुरुआत यानी 28 फरवरी 2026 से लेकर अब तक की सफलता की जानकारी साझा की है। बहरीन की सुरक्षा प्रणालियों ने सैकड़ों विदेशी हमलों को हवा में ही खत्म कर दिया है। इसका मुख्य डेटा नीचे दिया गया है:
| मिसाइल/ड्रोन का प्रकार | सफलतापूर्वक नष्ट किए गए |
|---|---|
| बैलिस्टिक मिसाइल (Ballistic Missiles) | 129 |
| ड्रोन (Drones) | 221 |
सेना के अनुसार इन हमलों का मुख्य उद्देश्य क्षेत्रीय सुरक्षा को नुकसान पहुंचाना था लेकिन एयर डिफेंस सिस्टम की मुस्तैदी की वजह से कोई बड़ी क्षति नहीं हुई है।
नागरिकों और प्रवासियों के लिए जरूरी सुरक्षा नियम
युद्ध की स्थिति और सुरक्षा को देखते हुए BDF ने जनता के लिए कुछ कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बहरीन में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों को इन नियमों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी गई है:
- किसी भी इलाके में गिरने वाले मलबे से दूरी बनाए रखें और अत्यधिक सावधानी बरतें।
- मिलिट्री ऑपरेशन, एयर डिफेंस साइट या मिसाइल के मलबे की फोटो लेना या वीडियो बनाना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
- किसी भी लावारिस या संदिग्ध वस्तु को न छुएं और तुरंत पुलिस या संबंधित अधिकारियों को खबर दें।
- सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक न्यूज सोर्स पर ही भरोसा करें।
क्षेत्रीय स्थिति और अंतरराष्ट्रीय कार्रवाई
पिछले 24 घंटों के दौरान खाड़ी के अन्य देशों में भी हमले देखे गए हैं। UAE ने 6 मिसाइल और 21 ड्रोन नष्ट किए हैं जबकि सऊदी अरब ने अल-खर्ज में 11 ड्रोन मार गिराए हैं। बहरीन ने इन हमलों को अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारों का उल्लंघन बताया है। बहरीन सरकार ने इस मामले में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद को पांचवीं बार आधिकारिक पत्र लिखकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई है। खाड़ी में रहने वाले लोगों को सलाह दी गई है कि वे मौजूदा स्थिति को देखते हुए दूतावास के संपर्क में रहें।




