Iran के Kharg Island पर US नियंत्रण की चर्चा, खाड़ी क्षेत्र में बढ़ी हलचल
ईरान और अमेरिका के बीच चल रही तनातनी अब खार्ग द्वीप (Kharg Island) तक पहुँच गई है। सोशल मीडिया पर ऐसी खबरें चल रही हैं कि अमेरिकी सेना किसी भी समय ईरान के इस महत्वपूर्ण तेल टर्मिनल पर कब्जा कर सकती है। हालांकि व्हाइट हाउस ने इस पर फिलहाल कोई नया आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन पिछले एक हफ्ते से जारी जुबानी जंग ने खाड़ी देशों में रह रहे प्रवासियों और कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है।
खार्ग द्वीप और यूएई से जुड़ी ताजा घटनाएं क्या हैं?
मार्च के मध्य में पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि उनके एक आदेश पर खार्ग द्वीप की तेल पाइपलाइनें खत्म हो सकती हैं। इसके जवाब में ईरान ने दावा किया कि अमेरिका ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में मौजूद अपने ठिकानों से खार्ग और अबू मूसा द्वीपों पर रॉकेट हमले किए हैं। ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अमेरिकी सेना यूएई के शहरों के भीतर बने गुप्त ठिकानों से मिसाइलें छोड़ रही है।
खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के मुख्य बिंदु
| तारीख | अधिकारी या पक्ष | मुख्य घटना या बयान |
|---|---|---|
| 15 मार्च 2026 | डोनाल्ड ट्रंप | खार्ग द्वीप पर नए हमलों की तैयारी की चेतावनी दी |
| 15 मार्च 2026 | ईरानी विदेश मंत्री | यूएई से मिसाइल हमले होने का अमेरिका पर आरोप लगाया |
| 16 मार्च 2026 | ट्रंप | कहा कि उनके एक शब्द से तेल पाइपलाइन गायब हो सकती है |
| 17 मार्च 2026 | व्हाइट हाउस सलाहकार | हॉर्मुज जलडमरूमध्य से तेल टैंकरों की आवाजाही पर चर्चा की |
इस तनाव का सीधा असर दुबई और सऊदी अरब जैसे देशों में काम कर रहे भारतीय प्रवासियों पर पड़ सकता है। खार्ग द्वीप ईरान का सबसे बड़ा तेल निर्यात केंद्र है और यहाँ किसी भी तरह की सैन्य कार्रवाई से तेल की कीमतों और समुद्री सुरक्षा पर गहरा प्रभाव पड़ेगा। फिलहाल स्थिति पर दुनिया भर की नजरें बनी हुई हैं।




