Saudi Arabia New Order: ईरानी सैन्य अधिकारियों को 24 घंटे में देश छोड़ने का फरमान
सऊदी अरब ने अपनी सुरक्षा और संप्रभुता की सुरक्षा के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। रियाद ने ईरान के सैन्य अताशे, उनके सहायक और तीन अन्य सदस्यों को अगले 24 घंटों के भीतर देश छोड़ने का सख्त आदेश दिया है। सऊदी विदेश मंत्रालय ने साफ किया कि ईरान लगातार अंतरराष्ट्रीय नियमों और बीजिंग समझौते का उल्लंघन कर रहा है। यह फैसला 21 मार्च 2026 को आधिकारिक तौर पर सुनाया गया।
सऊदी अरब ने क्यों लिया ईरानी अधिकारियों के खिलाफ यह फैसला?
सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने इस निष्कासन के पीछे ईरान की ओर से की जा रही शत्रुतापूर्ण गतिविधियों को मुख्य कारण बताया है। सऊदी अधिकारियों ने निम्नलिखित बिन्दुओं पर चिंता जताई है:
- ईरान ने सऊदी अरब की संप्रभुता और आर्थिक हितों को बार-बार निशाना बनाया है।
- नागरिक बुनियादी ढांचे और राजनयिक मुख्यालयों पर हमले जारी हैं।
- सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव संख्या 2817 और अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों का उल्लंघन हुआ है।
- रियाद पर हुए मिसाइल हमलों के बाद आपसी विश्वास पूरी तरह से खत्म हो गया है।
खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव का प्रवासियों पर क्या प्रभाव है?
क्षेत्र में बढ़ता तनाव यहां रहने वाले लाखों प्रवासियों, विशेषकर भारतीयों के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे यात्रा और सुरक्षा नियमों में बदलाव हो सकते हैं। सऊदी अरब और कतर जैसे देशों द्वारा उठाए गए कड़े कदम स्थिति की गंभीरता को बताते हैं।
| देश | लिया गया एक्शन |
|---|---|
| Saudi Arabia | 5 ईरानी सदस्यों को 24 घंटे में निकलने को कहा |
| Qatar | सैन्य और सुरक्षा अताशे को 19 मार्च को निकाला |
| United States | राजनयिकों के परिवारों को पहले ही वापस बुलाया |
विदेश मंत्री Prince Faisal bin Farhan ने स्पष्ट किया है कि सऊदी अरब अपनी सुरक्षा के लिए सैन्य कार्रवाई का अधिकार रखता है। उन्होंने चेतावनी दी कि ईरान का शत्रुतापूर्ण व्यवहार उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक अलग-थलग कर देगा।




