ओमान का बड़ा बयान, कहा क्षेत्र में ईरान ने नहीं शुरू की कोई जंग, शांति की अपील
ओमान ने हाल ही में ईरान को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान जारी किया है जिसमें कहा गया है कि ईरान ने क्षेत्र में किसी भी युद्ध की शुरुआत नहीं की है। ओमान की तरफ से यह बयान ऐसे समय में आया है जब मध्य पूर्व में तनाव काफी बढ़ा हुआ है। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन और सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई ने भी बार-बार शांति और आत्मरक्षा के अधिकार की बात कही है। इस खबर के बाद खाड़ी देशों में शांति की उम्मीदें बढ़ गई हैं।
ईरान और ओमान के बीच के रिश्तों पर क्या बोले अधिकारी?
- ईरानी अधिकारियों ने ओमान को अपना एक करीबी दोस्त और पड़ोसी बताया है।
- हाल के दिनों में ओमान में हुए कुछ ड्रोन हादसों के बाद ईरान ने स्पष्ट किया था कि उसका इसमें कोई हाथ नहीं है।
- सुप्रीम लीडर खामेनेई ने पड़ोसी देशों के साथ दरार पैदा करने की कोशिशों के लिए इजरायल और अमेरिका जैसी ताकतों को जिम्मेदार ठहराया है।
- ईरान ने ओमान की सीमा पर किसी भी सैन्य हमले की खबरों को पूरी तरह से खारिज किया है।
- दोनों देशों के बीच व्यापारिक और कूटनीतिक संबंधों को मजबूत बनाए रखने पर जोर दिया गया है।
क्षेत्रीय शांति के लिए भारत और ईरान के बीच क्या बातचीत हुई?
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियन से फोन पर बात की है। इस बातचीत में क्षेत्रीय तनाव को कम करने और बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने पर विस्तार से चर्चा हुई। ईरान ने स्पष्ट किया है कि वह Middle East में असुरक्षा नहीं फैलाना चाहता बल्कि शांति बनाए रखना चाहता है।
ईरान के राष्ट्रपति ने BRICS जैसे अंतरराष्ट्रीय समूहों से भी शांति बनाए रखने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि उनका देश केवल अपनी रक्षा के लिए कदम उठा रहा है और किसी भी देश के साथ नए युद्ध की शुरुआत करने का उनका कोई इरादा नहीं है। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों के लिए भी शांति का यह संदेश बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि किसी भी तनाव का सीधा असर उनकी नौकरी और सुरक्षा पर पड़ता है।




