कुवैत में तेल की कीमतों में भारी उछाल, क्षेत्रीय तनाव के बीच 163 डॉलर के पार पहुंचा भाव
कुवैत में कच्चे तेल की कीमतों में एक बड़ा उछाल देखा गया है। कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (KPC) के अनुसार, सोमवार को तेल का भाव 163.08 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया है। पिछले शुक्रवार को यह कीमत 156.50 डॉलर थी, जिसमें अब 6.58 डॉलर की बढ़ोतरी हुई है। यह बदलाव मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और सप्लाई के मुख्य रास्तों, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में रुकावटों के कारण हुआ है।
कुवैत में सुरक्षा और सरकारी कामकाज पर क्या पड़ा असर?
कुवैत की सेना और हवाई सुरक्षा प्रणाली को मंगलवार तड़के एक्टिव किया गया ताकि मिसाइल और ड्रोन हमलों को रोका जा सके। सेना ने अब तक कुल 255 बैलिस्टिक मिसाइलों और 549 ड्रोनों को नाकाम किया है। इन हमलों के मलबे से कुछ जगहों पर बिजली की लाइनों को नुकसान पहुंचा है। मौजूदा हालात को देखते हुए सरकारी ऑफिसों में कर्मचारियों की हाजिरी को 30 प्रतिशत तक सीमित कर दिया गया है। कुवैत में रहने वाले प्रवासियों और भारतीयों के लिए भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं और सिविल विभाग ने अपनी शिफ्ट में बदलाव किया है।
तेल रिफाइनरी और सप्लाई की क्या है स्थिति?
क्षेत्र में चल रहे संघर्ष की वजह से कुवैत की बड़ी तेल रिफाइनरियों को भी निशाना बनाने की कोशिश की गई है। मीना अब्दुल्ला और मीना अल अहमदी रिफाइनरी में हाल ही में ड्रोन की वजह से आग लगने की घटनाएं हुई थीं। सुरक्षा कारणों से जहाजों की आवाजाही कम हो गई है, जिसके चलते तेल की सप्लाई पर भी असर पड़ा है। कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन ने पहले ही सप्लाई को लेकर कुछ खास नियम (Force Majeure) लागू कर दिए हैं ताकि तेल के स्टोरेज और निर्यात को मैनेज किया जा सके।
कुवैत संकट और महत्वपूर्ण तारीखें
| तारीख | मुख्य घटना |
|---|---|
| 24 मार्च 2026 | तेल की कीमत 163.08 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंची |
| 24 मार्च 2026 | हवाई रक्षा प्रणाली ने 255 मिसाइलें और 549 ड्रोन गिराए |
| 23 मार्च 2026 | सरकारी दफ्तरों में कर्मचारियों की उपस्थिति 30% तय की गई |
| 20 मार्च 2026 | मीना अब्दुल्ला रिफाइनरी पर ड्रोन हमला हुआ |
| 19 मार्च 2026 | मीना अल अहमदी रिफाइनरी में ड्रोन हमले से आग लगी |
| 7 मार्च 2026 | KPC ने तेल उत्पादन में कटौती और फोर्स मेज्योर लागू किया |




