Ades Holding का बड़ा फैसला, खाड़ी देशों में तेल के कुओं पर काम रोका, क्षेत्रीय तनाव बना मुख्य कारण
सऊदी अरब की बड़ी तेल और गैस ड्रिलिंग कंपनी Ades Holding ने खाड़ी देशों यानी GCC क्षेत्र में अपने कुछ समुद्री ड्रिलिंग प्लेटफॉर्म पर काम अस्थायी रूप से रोकने का फैसला किया है। कंपनी ने 24 मार्च 2026 को सऊदी स्टॉक एक्सचेंज (Tadawul) पर इसकी जानकारी साझा की है। कंपनी का कहना है कि इलाके में चल रहे तनाव की वजह से सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाना पड़ा है। कंपनी के अनुसार यह रोक कुछ समय के लिए ही लगाई गई है और स्थिति सुधरते ही काम फिर शुरू कर दिया जाएगा।
काम रोकने का असली कारण क्या है?
कंपनी ने बताया है कि मध्य पूर्व में चल रहे क्षेत्रीय तनाव और सुरक्षा कारणों से प्लेटफॉर्म का संचालन फिलहाल रोका गया है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तेल उत्पादन और सप्लाई में आने वाली दिक्कतों की वजह से यह स्थिति पैदा हुई है। कंपनी ने अपने बयान में कहा है कि वह अपने कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और ग्राहकों के साथ मिलकर काम कर रही है। सऊदी अरब के पब्लिक इन्वेस्टमेंट फंड (PIF) की इस कंपनी में लगभग 23.8 प्रतिशत की हिस्सेदारी है, जो इस फैसले की गंभीरता को दिखाता है।
क्या इस फैसले से कंपनी की कमाई पर असर होगा?
भले ही कुछ प्लेटफॉर्म पर काम रुका है, लेकिन कंपनी का भविष्य को लेकर नजरिया सकारात्मक है। Ades Holding ने साल 2026 के लिए अपनी कमाई का अनुमान जारी किया है। कंपनी ने बताया कि उसका कामकाज दुनिया के 20 देशों में फैला हुआ है, जहाँ उसके पास कुल 123 ड्रिलिंग रिग हैं।
- कंपनी को साल 2026 में 4.50 से 4.87 अरब सऊदी रियाल की कमाई (EBITDA) होने की उम्मीद है।
- यह लक्ष्य साल 2025 के मुकाबले लगभग 33% से 44% तक अधिक है।
- कंपनी का कहना है कि अलग-अलग देशों में काम होने की वजह से ऐसे छोटे बदलावों से निपटना उनके लिए आसान है।
- Shelf Drilling की खरीदारी के बाद कंपनी को आने वाले समय में ज्यादा फायदे की उम्मीद है।




