ईरान के विदेश मंत्री ने UN में अमेरिका और इजरायल को घेरा, स्कूल पर हमले को बताया युद्ध अपराध
ईरान के विदेश मंत्री Seyyed Abbas Araghchi ने संयुक्त राष्ट्र (UN) में अमेरिका और इजरायल पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने ईरान के नागरिक ठिकानों, खासकर मीनाब गर्ल्स स्कूल पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की। विदेश मंत्री ने कहा कि जब तक जरूरत होगी, ईरान अपना बचाव जारी रखेगा। उन्होंने इन हमलों को युद्ध अपराध बताते हुए दुनिया से इसके खिलाफ एकजुट होने की अपील की है।
मीनाब स्कूल हमले की पूरी जानकारी क्या है?
28 फरवरी 2026 को ईरान के होर्मोज़्गान प्रांत में स्थित मीनाब एलिमेंट्री गर्ल्स स्कूल पर मिसाइल हमला हुआ था। इस भीषण हमले में लगभग 175 लोगों की मौत हुई थी, जिसमें 100 से ज्यादा छोटी बच्चियां शामिल थीं। UNESCO ने इसे मानवीय कानून का गंभीर उल्लंघन माना है। Amnesty International ने अपनी जांच में बताया कि इस हमले में अमेरिकी सेना ने नागरिकों को बचाने के लिए जरूरी सावधानी नहीं बरती थी। ईरानी राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने कहा कि यह हमला देश के इतिहास में हमेशा याद रखा जाएगा।
ईरान और इजरायल के बीच ताजा सैन्य तनाव
ईरान और इजरायल के बीच पिछले 24 घंटों में तनाव काफी बढ़ गया है। इस विवाद के मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने इजरायल और खाड़ी में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए।
- इजरायल की सेना ने भी तेहरान के दिल में मौजूद ईरानी ठिकानों पर बड़े स्तर पर हमले करने की पुष्टि की है।
- विदेश मंत्री Araghchi के अनुसार ईरान ने कभी युद्ध की पहल नहीं की, लेकिन सुरक्षा के लिए वह पूरी तरह तैयार है।
- UNESCO और संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने स्कूली बच्चों पर हुए हमले की कड़े शब्दों में निंदा की है।
- ईरान के विदेश मंत्रालय ने UN सुरक्षा परिषद से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने की मांग की है।




