Nepal New PM: नेपाल के नए प्रधानमंत्री बने रैपर Balendra Shah, शपथ से पहले रैप वीडियो जारी कर मचाया तहलका
नेपाल की राजनीति में एक नया इतिहास रचा गया है। मशहूर रैपर से नेता बने Balendra Shah ने 27 मार्च 2026 को देश के 40वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली है। उनकी पार्टी Rastriya Swatantra Party (RSP) ने हाल ही में हुए आम चुनावों में जबरदस्त जीत हासिल की थी। प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने से ठीक पहले Balen Shah ने देश के नाम एक खास वीडियो मैसेज जारी किया, जो एक रैप सॉन्ग के रूप में था।
चुनाव परिणाम और शपथ समारोह की मुख्य बातें
Balendra Shah की अगुवाई वाली पार्टी RSP ने 275 सदस्यों वाली संसद में 182 सीटें जीतकर पूर्ण बहुमत हासिल किया है। राष्ट्रपति Ram Chandra Paudel ने उन्हें संविधान की धारा 76 (1) के तहत प्रधानमंत्री नियुक्त किया। शपथ ग्रहण समारोह के दौरान Balen Shah अपने खास अंदाज में नजर आए। उन्होंने काला चश्मा, काली नेपाली टोपी और मैचिंग जैकेट पहनकर शपथ ली।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रधानमंत्री का नाम | Balendra Shah (Balen Shah) |
| शपथ की तारीख | 27 मार्च 2026 |
| पार्टी का नाम | Rastriya Swatantra Party (RSP) |
| जीती गई सीटें | 182 (कुल 275 में से) |
| उम्र | 35 वर्ष |
रैप सॉन्ग ‘जय महाकाली’ और नई सरकार का प्लान
शपथ लेने से पहले प्रधानमंत्री ने ‘जय महाकाली’ नाम से एक रैप गाना रिलीज किया। इस गाने के जरिए उन्होंने देशवासियों को एकता और साहस का संदेश दिया। इस वीडियो को सोशल मीडिया पर अब तक लाखों लोग देख चुके हैं। सरकार के गठन को लेकर पार्टी ने साफ किया है कि उनकी कैबिनेट में 18 से ज्यादा मंत्री नहीं होंगे, ताकि खर्च कम रखा जा सके।
- Balendra Shah नेपाल के पहले मधेसी प्रधानमंत्री बने हैं।
- वह 2022 से 2026 तक काठमांडू के मेयर के रूप में काम कर चुके हैं।
- चीन ने नए प्रधानमंत्री को बधाई देते हुए नेपाल की संप्रभुता का समर्थन किया है।
- राजनीतिक जानकारों का मानना है कि युवाओं के बीच उनकी लोकप्रियता एक बड़ा बदलाव लाएगी।
भारत और प्रवासियों के लिए इसके मायने
नेपाल में सत्ता परिवर्तन का असर भारत और खाड़ी देशों में रहने वाले लाखों नेपाली प्रवासियों पर भी पड़ता है। Balen Shah की पार्टी ने भ्रष्टाचार को खत्म करने और रोजगार के नए अवसर पैदा करने का वादा किया है। भारत के साथ संबंधों पर विशेषज्ञों का कहना है कि नई सरकार के आने से द्विपक्षीय व्यापार और सुरक्षा के मुद्दों पर नए सिरे से बातचीत हो सकती है। फिलहाल आम जनता के बीच उनके विजन को लेकर काफी उत्साह है।




