ईरान के परमाणु ठिकानों पर अमेरिका और इजरायल का बड़ा हमला, 3 विशेषज्ञों के मारे जाने का दावा
सऊदी अरब के मीडिया हैंडल ‘सऊदी न्यूज़ 50’ ने दावा किया है कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम से जुड़े 3 विशेषज्ञों को खत्म कर दिया गया है। यह खबर 28 मार्च 2026 को सामने आई है जब इजरायल और अमेरिका ने ईरान के कई परमाणु ठिकानों पर बड़े हवाई हमले किए हैं। ईरान ने खुद स्वीकार किया है कि उसके नतान्ज़ और बुशहर जैसे महत्वपूर्ण केंद्रों को निशाना बनाया गया है। इन हमलों के बाद खाड़ी देशों में सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है।
किन परमाणु केंद्रों को बनाया गया निशाना?
रिपोर्ट्स के अनुसार ईरान के अलग-अलग हिस्सों में स्थित परमाणु ठिकानों पर बड़े स्तर पर बमबारी की गई है। इसमें शामिल मुख्य ठिकानों की सूची नीचे दी गई है:
- अराक में स्थित भारी पानी संयंत्र (Heavy Water Facility) को निशाना बनाया गया।
- यज़्द में यूरेनियम संवर्धन से जुड़े विस्फोटक कारखाने पर हमला हुआ।
- बुशहर में स्थित मेथेनॉल उत्पादन परिसर और मुख्य परमाणु केंद्र को नुकसान पहुँचाया गया।
- नतान्ज़ और इस्फहान के महत्वपूर्ण परमाणु ठिकानों पर सुबह के समय हमले किए गए।
अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि ईरान परमाणु हथियार हासिल करने के बेहद करीब पहुँच गया था। इन हमलों के जरिए उसे इस लक्ष्य तक पहुँचने से रोकने की कोशिश की गई है। नतान्ज़ संवर्धन केंद्र पर हुए हमले की पुष्टि ईरानी परमाणु ऊर्जा संगठन ने भी की है।
अंतरराष्ट्रीय एजेंसी और ईरान का क्या है कहना?
| संस्था या देश | ताज़ा अपडेट और आधिकारिक बयान |
|---|---|
| IAEA | हमले की जानकारी मिली है लेकिन रेडिएशन का स्तर अभी सामान्य बना हुआ है। |
| ईरान | सशस्त्र बलों ने इन हमलों का कड़ा और दर्दनाक जवाब देने की चेतावनी दी है। |
| अमेरिका | बी-2 बमवर्षकों का इस्तेमाल कर ईरान की सैन्य परमाणु क्षमता को नष्ट करने का दावा। |
| सऊदी न्यूज़ | ट्वीट के जरिए 3 परमाणु विशेषज्ञों के मारे जाने की जानकारी साझा की गई। |
ईरान की राष्ट्रीय सुरक्षा समिति ने साफ कहा है कि उनके किसी भी अन्य ठिकाने पर हमला होने पर इसका परिणाम बहुत गंभीर होगा। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने बताया कि बुशहर केंद्र पर पिछले दस दिनों में यह तीसरा हमला है। हालांकि एजेंसी ने यह भी साफ किया है कि फिलहाल रिएक्टर को कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है और रेडियोधर्मी रिसाव जैसी कोई स्थिति नहीं है।




