इज़राइल के मिलिट्री बेस पर हिज़बुल्लाह का हमला, 24 घंटे में दागी 30 से ज़्यादा मिसाइलें और ड्रोन
हिज़बुल्लाह ने उत्तरी इज़राइल में स्थित इज़राइली सेना के कई ठिकानों पर बड़ा हमला करने का दावा किया है। 29 मार्च 2026 को मिली ताज़ा जानकारी के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में इज़राइली ठिकानों पर 30 से ज़्यादा हमले किए गए हैं। इन हमलों में रॉकेट, ड्रोन और भारी तोपखाने का इस्तेमाल हुआ है। इज़राइली सेना (IDF) ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए लेबनान की राजधानी बेयरूत और दक्षिणी इलाकों में हवाई हमले तेज कर दिए हैं।
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हिज़बुल्लाह ने किन सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना?
हिज़बुल्लाह ने आधिकारिक तौर पर बताया कि उन्होंने इज़राइल के उत्तरी क्षेत्र के मुख्य खुफिया मुख्यालय ‘Mishar’ बेस और ‘Dado’ बेस को निशाना बनाया है। ‘Dado’ बेस इज़राइली सेना की उत्तरी कमान का मुख्य केंद्र माना जाता है। इन हमलों की वजह से पूरे उत्तरी इज़राइल में अलर्ट जारी रहा। पिछले 24 घंटों की मुख्य घटनाएं इस प्रकार हैं:
- उत्तरी इज़राइल और दक्षिणी लेबनान में कुल 32 हमले किए गए हैं
- सफ़ेद (Safed) इलाके के पास स्थित इज़राइली सैन्य मुख्यालय पर कई रॉकेट दागे गए
- शनिवार को हुए इन हमलों में दो अधिकारियों समेत इज़राइल के 9 सैनिक घायल हुए हैं
- यमन के हूतियों ने भी 28 मार्च को इज़राइल पर मिसाइल और ड्रोन हमले करने का दावा किया है
लेबनान और इज़राइल के बीच बढ़ते तनाव का असर
इस सैन्य टकराव के बीच लेबनान सरकार ने एक बड़ा राजनयिक कदम उठाया है। लेबनान ने ईरान के राजदूत को 29 मार्च तक देश छोड़ने का आदेश दिया है और अपने राजदूत को तेहरान से वापस बुला लिया है। लेबनान के अधिकारियों का कहना है कि पिछले 24 घंटों में इज़राइली हमलों की वजह से उनके देश में 47 लोगों की मौत हुई है और 112 लोग घायल हुए हैं। इज़राइली सेना का कहना है कि वे बेयरूत में हिज़बुल्लाह के हथियार डिपो और ठिकानों को खत्म करने के लिए ऑपरेशन चला रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र ने भी दोनों पक्षों से तुरंत युद्ध रोकने की अपील की है ताकि आम लोगों को सुरक्षित निकाला जा सके।




