ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट के 30 दिन पूरे, 1% पर पहुंची कनेक्टिविटी और अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान
ईरान में पिछले 30 दिनों से इंटरनेट पर लगी पाबंदियां लगातार जारी हैं। 29 मार्च 2026 तक देश में इंटरनेट सेवा पूरी तरह से ठप रही और कनेक्टिविटी सामान्य स्तर से घटकर मात्र एक प्रतिशत रह गई है। यह शटडाउन फरवरी के अंत में शुरू हुआ था जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान के कई इलाकों में हवाई हमले किए थे। नेटब्लॉक्स जैसे मॉनिटरिंग ग्रुप्स ने पुष्टि की है कि पिछले चार हफ्तों से ईरान के लोग दुनिया से कटे हुए हैं।
इंटरनेट बंद होने से क्या हुआ नुकसान?
ईरान सरकार के संचार मंत्री सत्तार हाशमी ने स्वीकार किया है कि इस इंटरनेट शटडाउन की वजह से देश की अर्थव्यवस्था को हर दिन करीब 35.7 मिलियन डॉलर का घाटा हो रहा है। आम लोगों और व्यापारियों पर इसका सबसे बुरा असर पड़ा है। कुछ मुख्य आंकड़े नीचे दिए गए हैं:
- ऑनलाइन होने वाली बिक्री में 80 प्रतिशत की बड़ी गिरावट आई है।
- तेहरान स्टॉक एक्सचेंज को चार दिनों के भीतर 450,000 पॉइंट्स का नुकसान हुआ।
- सरकार ने साफ कर दिया है कि WhatsApp, Instagram और Telegram जैसे ऐप पर पाबंदी फिलहाल नहीं हटेगी।
- ईरानी विदेश मंत्री ने ज़ूम के जरिए विदेशी मीडिया से बात की, जबकि आम जनता ऑफलाइन रही।
ताज़ा सैन्य हालात और पाबंदियों की वजह
ईरान में यह इंटरनेट शटडाउन मुख्य रूप से सुरक्षा कारणों और सैन्य तनाव की वजह से लगाया गया है। इस दौरान हुई प्रमुख घटनाओं का विवरण इस प्रकार है:
| तारीख | प्रमुख घटना |
|---|---|
| 28 फरवरी 2026 | अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद देशभर में इंटरनेट बंद किया गया। |
| 25 मार्च 2026 | वीडियो भेजने और अफवाह फैलाने के आरोप में 25 लोग गिरफ्तार हुए। |
| 28 मार्च 2026 | इजरायली सेना ने अराक और यज्द में सैन्य ठिकानों पर हमला किया। |
| 29 मार्च 2026 | होरमोज़गन प्रांत में हमले में 5 लोगों की मौत और 4 के घायल होने की खबर आई। |
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्या चल रहा है?
ह्यूमन राइट्स वॉच ने इस इंटरनेट शटडाउन को मानवाधिकारों का उल्लंघन बताते हुए इसे तुरंत खत्म करने की मांग की है। अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बयान दिया है कि अमेरिका ने ईरान में अपने सैन्य लक्ष्य लगभग पूरे कर लिए हैं। दूसरी तरफ, ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने चेतावनी दी है कि वे पश्चिमी देशों के ठिकानों को निशाना बना सकते हैं। स्थिति को देखते हुए अभी इंटरनेट बहाली की कोई पक्की तारीख सामने नहीं आई है।




