UAE और Qatar में पढ़ने वालों के लिए अलर्ट, अमेरिका ने जारी की बड़ी चेतावनी, ईरान ने दी हमले की धमकी
मिडिल ईस्ट में तनाव काफी बढ़ गया है और अमेरिका ने इराक सहित पड़ोसी देशों में रह रहे अपने नागरिकों के लिए गंभीर सुरक्षा चेतावनी जारी की है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने 29 मार्च 2026 को सीधा बयान देते हुए कहा है कि खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी यूनिवर्सिटी अब उनके सैन्य निशाने पर हैं। इस खबर के बाद से इलाके में रहने वाले प्रवासियों और छात्रों के बीच चिंता बढ़ गई है। अमेरिका ने अपने नागरिकों को तुरंत इराक छोड़ने की सलाह दी है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने को कहा है।
ईरान की धमकी और किन संस्थानों को है खतरा?
ईरान की सेना ने स्पष्ट किया है कि UAE और कतर जैसे देशों में चल रही अमेरिकी यूनिवर्सिटी उनके लिए वैध टारगेट हैं। ईरान का कहना है कि यह कदम उनके अपने संस्थानों पर हुए हमलों का बदला लेने के लिए उठाया जा रहा है। उन्होंने सोमवार 30 मार्च दोपहर 12 बजे तक का समय दिया है। सुरक्षा अलर्ट में कुछ मुख्य संस्थानों के नाम और जरूरी निर्देश दिए गए हैं जो नीचे टेबल में देखे जा सकते हैं।
| प्रमुख जानकारी | विवरण |
|---|---|
| प्रभावित संस्थान | NYU अबू धाबी, जॉर्जटाउन और कार्नेगी मेलन (कतर) |
| ईरान की चेतावनी | यूनिवर्सिटी से 1 किलोमीटर की दूरी बनाए रखें |
| डेडलाइन | 30 मार्च 2026, दोपहर 12 बजे (तेहरान समय) |
| अमेरिकी एक्शन | गैर-जरूरी कर्मचारियों को इराक छोड़ने का आदेश |
प्रवासियों और छात्रों के लिए जारी हुई जरूरी सलाह
संयुक्त अरब अमीरात और कतर में बड़ी संख्या में भारतीय और अन्य देशों के छात्र इन यूनिवर्सिटी में पढ़ाई करते हैं। अमेरिकी दूतावास ने इराक में मौजूद लोगों को जमीनी रास्तों से जॉर्डन, कुवैत, सऊदी अरब या तुर्की की तरफ जाने की सलाह दी है क्योंकि हवाई रास्ते फिलहाल बंद हो सकते हैं। इराक के लिए ट्रेवल एडवाइजरी को लेवल 4 पर रखा गया है, जिसका मतलब है कि वहां जाना जानलेवा हो सकता है।
- भीड़भाड़ वाले इलाकों से बचें: दूतावास ने लोगों से कहा है कि वे अमेरिकी हितों वाले ठिकानों के पास न जाएं।
- अलर्ट रहें: ड्रोन और मिसाइल हमलों की आशंका को देखते हुए स्थानीय खबरों पर नजर रखें।
- इराक के हालात: बगदाद और इरबिल में मौजूद दूतावासों के पास जाना खतरनाक हो सकता है।
- सऊदी और कुवैत सीमा: सड़क मार्ग से निकलने के लिए इन देशों के बॉर्डर्स का इस्तेमाल किया जा सकता है।
अमेरिका ने इराक सरकार को भी सख्त चेतावनी दी है कि वे अपने देश में सक्रिय हथियारबंद गुटों को रोकें। अगर इन गुटों ने अमेरिकी ठिकानों पर हमला किया, तो अमेरिका सीधी और कड़ी कार्रवाई करेगा। फिलहाल खाड़ी देशों में मौजूद भारतीय प्रवासियों को सलाह दी जाती है कि वे अपने संबंधित दूतावासों के संपर्क में रहें और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।




