Donald Trump का ईरान पर बड़ा बयान, बोले समझौता करीब है लेकिन तेल के लिए सेना भेजने का भी है प्लान
डोनल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ चल रहे तनाव के बीच एक अहम जानकारी साझा की है। उन्होंने कहा है कि अमेरिका और ईरान एक डील के काफी करीब हैं और बातचीत बहुत अच्छे तरीके से आगे बढ़ रही है। लेकिन इसी के साथ उन्होंने ईरान के सबसे मुख्य तेल हब, Kharg Island पर जमीनी सेना भेजने का संकेत देकर हलचल बढ़ा दी है। ट्रंप का मानना है कि तेल संसाधनों पर कब्जा करना एक बेहतर विकल्प हो सकता है और इसके लिए अमेरिकी सेना तैयार है।
ट्रंप ने बातचीत और सैन्य कार्रवाई को लेकर क्या जानकारी दी?
- ट्रंप ने फाइनेंशियल टाइम्स को बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत सही दिशा में है और जल्द ही समझौता हो सकता है।
- ईरान ने पाकिस्तान के जरिए भेजे गए 15 सूत्रीय शांति प्लान की ज्यादातर बातों को स्वीकार कर लिया है।
- उन्होंने Kharg Island का जिक्र करते हुए कहा कि अमेरिकी सेना इस एक्सपोर्ट हब को बहुत ही आसानी से अपने कब्जे में ले सकती है।
- ट्रंप के अनुसार, उनकी प्राथमिकता ईरान के तेल पर कब्जा करना है, हालांकि उन्होंने कहा कि अभी कई विकल्प खुले हैं।
- ईरान ने बातचीत के बीच सम्मान दिखाने के लिए हॉर्मुज जलडमरूमध्य से 20 तेल टैंकरों को सुरक्षित निकलने का रास्ता दिया है।
ईरान की प्रतिक्रिया और मौजूदा स्थिति क्या है?
ईरान की सरकार और सेना ने इस पूरी स्थिति पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। तेहरान ने साफ कहा है कि वह किसी भी तरह का अपमान या दबाव स्वीकार नहीं करेगा। ईरान की सेना पहले ही चेतावनी दे चुकी है कि अगर उनके तेल ठिकानों या ऊर्जा के बुनियादी ढांचे पर कोई हमला होता है, तो वे क्षेत्र में मौजूद उन तेल कंपनियों को निशाना बनाएंगे जो अमेरिका के साथ सहयोग कर रही हैं।
अमेरिका ने हाल के दिनों में खाड़ी क्षेत्र में हजारों अतिरिक्त सैनिकों को तैनात किया है। इसमें मरीन और 82nd एयरबोर्न डिवीजन की टुकड़ियां शामिल हैं। पेंटागन वर्तमान में Kharg Island पर जमीनी कार्रवाई के विभिन्न विकल्पों पर विचार कर रहा है। ट्रंप ने यह भी बताया कि अमेरिका ने अब तक ईरान में 13,000 ठिकानों को निशाना बनाया है और करीब 3,000 ठिकाने अभी और बचे हैं।




