UAE News: ईरान का दावा, अमीरात में अमेरिकी रडार स्टेशनों और सैन्य ठिकानों पर किया ड्रोन हमला
IRNA न्यूज एजेंसी और ईरानी सेना के हवाले से खबर आई है कि 29 और 30 मार्च 2026 के बीच UAE में स्थित अमेरिकी सेना के ठिकानों और रडार स्टेशनों को ड्रोन के जरिए निशाना बनाया गया। ईरान की सेना का कहना है कि यह हमला उन रडार प्रणालियों पर किया गया जो मिसाइल और ड्रोन को ट्रैक करने का काम करते थे। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं।
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ईरानी सेना ने हमले को लेकर क्या बयान जारी किया है?
ईरान की सेना के जनसंपर्क कार्यालय ने बयान नंबर 48 जारी करते हुए इस ड्रोन हमले की पुष्टि की है। सेना के अनुसार, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान आर्मी के आक्रामक ड्रोन ने UAE में तैनात उन रडार स्टेशनों को निशाना बनाया जो मिसाइलों और कॉम्बैट ड्रोन का पता लगाने के लिए जिम्मेदार थे। यह हमला 29 मार्च की रात से शुरू होकर 30 मार्च की सुबह तक जारी रहा। ईरान का दावा है कि उनके ड्रोन ने उन जगहों पर भी हमला किया जहां अमेरिकी सैन्य बल मौजूद हैं।
UAE की सुरक्षा व्यवस्था और जवाबी कार्रवाई की स्थिति क्या है?
UAE के रक्षा मंत्रालय ने इस दौरान अपनी सक्रियता दिखाते हुए कई हमलों को नाकाम करने का दावा किया है। सुरक्षा के लिहाज से अमीरात के डिफेंस सिस्टम ने रविवार को 16 बैलिस्टिक मिसाइल और 42 ड्रोन को बीच रास्ते में ही रोककर नष्ट कर दिया। UAE के अधिकारियों ने इस तरह के हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे संप्रभुता का उल्लंघन बताया है।
- हमले का समय: 29 मार्च की रात से 30 मार्च 2026 की सुबह तक।
- UAE की कार्रवाई: 16 मिसाइल और 42 ड्रोन को इंटरसेप्ट किया गया।
- अमेरिका का रुख: अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने UAE की सुरक्षा में साथ खड़े रहने का भरोसा दिया है।
- ईरान का तर्क: ईरान ने इसे अपने औद्योगिक बुनियादी ढांचे पर हुए हमलों का बदला बताया है।
क्षेत्रीय तनाव और प्रवासियों पर इसका क्या असर हो सकता है?
इस ताजा विवाद के कारण खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और अन्य देशों के नागरिकों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता देखी जा रही है। UAE के वरिष्ठ अधिकारी डॉ. अनवर गर्गाश ने ईरान से नागरिक सुविधाओं और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने के बदले मुआवजे की मांग की है। वहीं ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर कलिबाफ ने चेतावनी दी है कि वे क्षेत्र में अमेरिकी सैनिकों की मौजूदगी के खिलाफ सख्त कदम उठाना जारी रखेंगे। फिलहाल UAE में स्थिति नियंत्रण में है और सुरक्षा प्रणालियों को और अधिक मजबूत किया गया है।




