ईरान ने कहा पूरे क्षेत्र में युद्ध खत्म होने पर ही मानेंगे, चीन और पाकिस्तान ने रखा 5 सूत्री शांति प्रस्ताव
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि तेहरान अब युद्ध में किसी भी तरह के छोटे ब्रेक या पॉज़ को स्वीकार नहीं करेगा। उनका कहना है कि ईरान केवल पूरे क्षेत्र में पूरी तरह से युद्ध खत्म होने की शर्त पर ही सहमत होगा। 31 मार्च 2026 को आए इस बयान के साथ ही चीन और पाकिस्तान ने भी मिडिल ईस्ट में शांति बहाल करने के लिए एक 5 सूत्री प्रस्ताव पेश किया है। इसमें तुरंत गोलाबारी रोकने और समुद्री रास्तों को सुरक्षित बनाने की मांग की गई है।
प्रमुख देशों और नेताओं के ताज़ा बयान
| पक्ष/नेता | मुख्य बयान और अपडेट |
|---|---|
| Abbas Araghchi (ईरान) | पूरे क्षेत्र में युद्ध की समाप्ति चाहिए, सिर्फ एक छोटा ब्रेक काफी नहीं है। |
| Donald Trump (अमेरिका) | ईरान अब कोई बड़ा खतरा नहीं है और युद्ध का सबसे कठिन हिस्सा बीत चुका है। |
| Benjamin Netanyahu (इज़राइल) | सैन्य अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है और ईरानी शासन को खत्म करने की कार्रवाई जारी रहेगी। |
| चीन और पाकिस्तान | तुरंत युद्धविराम और Strait of Hormuz में सुरक्षित आवाजाही के लिए 5 सूत्री योजना दी। |
| Pete Hegseth (अमेरिका) | बातचीत आगे बढ़ रही है और आने वाले दिन काफी निर्णायक साबित होने वाले हैं। |
| ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स | अगर ईरानी नेताओं को निशाना बनाया गया तो Apple और Google जैसी अमेरिकी कंपनियों पर हमला करेंगे। |
क्षेत्र में मौजूदा सुरक्षा हालात और चेतावनी
ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति के विशेष दूत Steve Witkoff से संदेश मिलने की पुष्टि की है, हालांकि इसे औपचारिक बातचीत नहीं माना जा रहा है। विदेश मंत्री Araghchi ने इज़राइल को सख्त चेतावनी दी है कि वह ईरान की दवा बनाने वाली कंपनियों और बुनियादी ढांचे पर बमबारी न करें। अगर ऐसा हुआ तो ईरान की सेना इसका कड़ा जवाब देगी। इस तनाव के बीच अमेरिकी B52 बॉम्बर्स ईरान के ऊपर उड़ान भर रहे हैं, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है।
खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले लोगों और व्यापार के लिए Strait of Hormuz का रास्ता बेहद जरूरी है। चीन और पाकिस्तान के शांति प्रस्ताव में इस रास्ते को सुरक्षित रखने पर जोर दिया गया है। फिलहाल लेबनान में भी हमले जारी हैं जहां UNIFIL के शांति सैनिकों के घायल होने की खबर है। ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने युद्ध खत्म करने की इच्छा जताई है लेकिन साथ ही भविष्य में दोबारा हमले न होने की गारंटी भी मांगी है।




