UAE दूतावास पर हमले से भड़का बहरीन, सीरिया में हुई तोड़फोड़ की कड़ी निंदा, कही बड़ी बात
बहरीन ने सीरिया की राजधानी दमिश्क में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दूतावास और मिशन प्रमुख के आवास पर हुए हमलों और तोड़फोड़ की कोशिश की कड़ी निंदा की है। बहरीन के विदेश मंत्रालय ने इस घटना को अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन बताया है। इस हमले में यूएई के राष्ट्रीय प्रतीकों का अपमान किया गया, जिससे खाड़ी देशों में काफी नाराजगी देखी जा रही है। बहरीन ने साफ किया है कि वह इस मुश्किल घड़ी में यूएई के साथ पूरी मजबूती से खड़ा है।
सीरिया में UAE दूतावास पर क्या हुआ?
सीरिया की राजधानी दमिश्क में भीड़ ने संयुक्त अरब अमीरात के दूतावास पर हमला किया और वहां तोड़फोड़ करने की कोशिश की। इस दौरान मिशन प्रमुख के घर को भी निशाना बनाया गया और वहां मौजूद संपत्ति को नुकसान पहुँचाने का प्रयास हुआ। बहरीन ने कहा कि यह हरकत 1961 के वियना कन्वेंशन का सीधा उल्लंघन है, जो राजनयिकों और उनके दफ्तरों की सुरक्षा की गारंटी देता है। यूएई ने भी इस मामले में सीरियाई अधिकारियों से जवाब मांगा है और दोषियों पर कार्रवाई की अपील की है।
खाड़ी देशों और अरब संसद ने क्या जताया विरोध?
इस घटना के बाद खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) और अरब संसद ने भी कड़ा रुख अपनाया है। अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बिन अहमद अल यामाही ने कहा कि राजनयिक मिशनों पर किसी भी तरह की हिंसा को स्वीकार नहीं किया जाएगा। खाड़ी देशों ने सीरियाई प्रशासन से मांग की है कि वे भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए दूतावासों की सुरक्षा के कड़े इंतजाम करें।
| संबंधित संस्था | मुख्य बयान और मांग |
|---|---|
| बहरीन विदेश मंत्रालय | यूएई के साथ पूर्ण एकजुटता और अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन |
| GCC सचिव | सीरियाई अधिकारियों द्वारा दोषियों की जवाबदेही तय हो |
| अरब संसद | राजनयिक मिशनों पर हमले का पुरजोर विरोध |
| UAE सरकार | सुरक्षा सुनिश्चित करने और घटना न दोहराने की मांग |
इस हमले से खाड़ी देशों और सीरिया के बीच कूटनीतिक रिश्तों पर असर पड़ सकता है। बहरीन और अन्य सहयोगियों ने स्पष्ट किया है कि किसी भी देश के दूतावास और उसके प्रतीकों का सम्मान करना वहां की सरकार की जिम्मेदारी है। फिलहाल सीरिया से मांग की गई है कि वह इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच करे और दोषियों को सबके सामने लाए।




