सीरिया में UAE दूतावास पर हमला, कुवैत ने जताई भारी नाराज़गी, बोले- वियना कन्वेंशन का हुआ है उल्लंघन.
सीरिया की राजधानी दमिश्क में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दूतावास और मिशन प्रमुख के आवास पर हुए हमलों को लेकर कुवैत ने अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने शनिवार को एक आधिकारिक बयान जारी कर इन हिंसक घटनाओं की कड़ी निंदा की। कुवैत ने साफ कहा है कि राजनयिक मिशनों को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय नियमों और वियना कन्वेंशन का सीधा उल्लंघन है। खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता बनाए रखने के लिए कुवैत ने UAE के साथ अपनी पूरी एकजुटता और समर्थन जाहिर किया है।
इन हमलों को लेकर कुवैत ने क्या मांग की?
कुवैत के विदेश मंत्रालय ने कुवैत न्यूज़ एजेंसी (KUNA) के माध्यम से अपनी बात रखते हुए दमिश्क में हुई तोड़फोड़ और हिंसा की घटनाओं को बेहद अफसोसजनक बताया। मंत्रालय ने साफ शब्दों में कहा कि राजनयिक परिसरों को नुकसान पहुंचाना किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है। कुवैत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय और संबंधित अधिकारियों से कुछ जरूरी कदम उठाने की मांग की है:
- हमलावरों को तुरंत चिन्हित कर उन्हें कानून के दायरे में लाया जाए।
- भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं।
- राजनयिकों की सुरक्षा के लिए तय किए गए वैश्विक नियमों का पालन हो।
- UAE की सुरक्षा और शांति के लिए हर संभव सहयोग दिया जाए।
UAE के साथ मजबूती से खड़ा है कुवैत
इस संकट के समय में कुवैत ने UAE के प्रति अपनी पूरी वफादारी और समर्थन दोहराया है। मंत्रालय ने अपने बयान में कहा कि कुवैत अपने भाई जैसे देश UAE की सुरक्षा और स्थिरता को लेकर पूरी तरह सजग है। खाड़ी देशों के लिए यह मामला काफी संवेदनशील है क्योंकि यह उनके आपसी राजनयिक संबंधों की मर्यादा से जुड़ा है। कुवैत का मानना है कि दमिश्क में हुई इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय संबंधों के सुरक्षित माहौल को चोट पहुंचाई है।




