Iran Warning: हॉर्मुज़ के बाद अब समुद्री व्यापार के दूसरे रास्तों पर भी हमला करेगा ईरान, ट्रंप ने भी दी बड़ी धमकी
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव अब बहुत ही खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। ईरान ने साफ चेतावनी दी है कि अगर अमेरिका और इसराइल ने अपने हमले कम नहीं किए, तो सिर्फ स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज़ ही नहीं बल्कि बाब अल-मंडेब जैसे समुद्री रास्ते भी सुरक्षित नहीं रहेंगे। यह खबर पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय है क्योंकि इन रास्तों से ही दुनिया का ज्यादातर तेल और सामान एक देश से दूसरे देश तक पहुंचता है।
ईरान और अमेरिका के बीच विवाद की असली वजह क्या है?
ईरान ने औपचारिक रूप से स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज़ में 47 साल से चली आ रही पुरानी व्यवस्था को खत्म करने का ऐलान कर दिया है। ईरान का कहना है कि अब वहां नए नियम चलेंगे और जहाजों को ईरान के कानूनों का पालन करना होगा। ईरान के राष्ट्रपति के प्रवक्ता ने कहा है कि हॉर्मुज़ का रास्ता तभी खुलेगा जब ईरान को युद्ध के नुकसान की भरपाई के लिए पैसे दिए जाएंगे। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने धमकी दी है कि अगर ईरान ने रास्ता नहीं खोला, तो वह ईरान के बिजली घरों और पुलों को तबाह कर देंगे।
समुद्री रास्तों पर संकट से क्या होगा असर?
अगर ये समुद्री रास्ते बंद होते हैं या इन पर हमला होता है, तो इसका सीधा असर खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और वहां से होने वाले व्यापार पर पड़ेगा। इसके मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- सप्लाई चेन में रुकावट: बाब अल-मंडेब और हॉर्मुज़ बंद होने से सामानों की डिलीवरी में देरी होगी और कीमतें बढ़ेंगी।
- तेल की कीमतें: कच्चे तेल की सप्लाई रुकने से पेट्रोल और डीजल के दाम पूरी दुनिया में आसमान छू सकते हैं।
- हूती विद्रोहियों का खतरा: यमन के हूती विद्रोही भी ईरान के समर्थन में बाब अल-मंडेब के पास जहाजों को निशाना बना सकते हैं।
- सुरक्षा का संकट: खाड़ी देशों में रहने वाले लाखों भारतीयों के लिए हवाई और समुद्री यात्राएं प्रभावित हो सकती हैं।
ताजा घटनाक्रम और बड़े बयान
क्षेत्र में पिछले 24 से 48 घंटों के भीतर कई बड़ी घटनाएं हुई हैं जिन्होंने तनाव को और ज्यादा बढ़ा दिया है।
| पक्ष | मुख्य अपडेट |
|---|---|
| ईरान मिलिट्री | ईरान ने कहा है कि अगर उसके रिहायशी इलाकों पर हमला हुआ तो वह बहुत भयानक बदला लेगा। |
| डोनाल्ड ट्रंप | ट्रंप ने 8 अप्रैल को मंगलवार के दिन को पावर प्लांट और ब्रिज डे घोषित करने की धमकी दी है। |
| ओमान और ईरान | 5 अप्रैल को दोनों देशों के बीच बातचीत हुई ताकि जहाजों का रास्ता सुरक्षित रखा जा सके। |
| इसराइल और लेबनान | तेहरान और हैफा में मिसाइल हमलों की खबरें आई हैं जिनमें कई लोगों की जान गई है। |




