सऊदी पर बड़ा हमला, डिफेंस सिस्टम ने हवा में मार गिराए 18 ड्रोन और 7 मिसाइल, ईरान पर लगा आरोप.
सऊदी अरब के लिए 7 अप्रैल 2026 का दिन काफी चुनौतीपूर्ण रहा। सऊदी रक्षा मंत्रालय की तरफ से मिली जानकारी के अनुसार, देश के एयर डिफेंस सिस्टम ने एक बड़े हमले को नाकाम कर दिया है। मेजर जनरल तुर्की अल-मालिकी ने बताया कि पिछले कुछ घंटों के दौरान सऊदी की तरफ आ रहे 18 ड्रोन और 7 बैलिस्टिक मिसाइलों को बीच हवा में ही नष्ट कर दिया गया। ये हमले देश के पूर्वी प्रांत (Eastern Province) को निशाना बनाकर किए गए थे।
हमले में कहां और कितना नुकसान हुआ?
सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) के माध्यम से जारी बयान में बताया गया कि इंटरसेप्ट किए गए मिसाइलों और ड्रोन का मलबा ऊर्जा सुविधाओं के पास गिरा है। इस घटना से जुड़ी कुछ अहम बातें इस प्रकार हैं:
- सऊदी अरब के अल जुबैल इंडस्ट्रियल हब (Al Jubail Industrial Hub) में ड्रोन और मिसाइल हमले के बाद आग लगने की खबर मिली है।
- हमलों का मुख्य केंद्र पूर्वी प्रांत था जहां सऊदी की महत्वपूर्ण ऊर्जा इकाइयां मौजूद हैं।
- इन हमलों को ईरान की तरफ से शुरू किए गए एक खतरनाक कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
- पाकिस्तान ने सऊदी अरब की ऊर्जा सुविधाओं पर हुए इन हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे तनाव बढ़ाने वाला बताया है।
सऊदी एयर डिफेंस द्वारा की गई कार्रवाई का विवरण
सऊदी सेना ने बहुत ही तत्परता से काम करते हुए इन सभी खतरों को आबादी वाले इलाकों तक पहुंचने से पहले ही खत्म कर दिया। इस हमले की विस्तृत जानकारी नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती है:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| हमले की तारीख | 7 अप्रैल 2026 |
| नष्ट किए गए ड्रोन | 18 |
| नष्ट की गई बैलिस्टिक मिसाइल | 7 |
| मुख्य निशाना | पूर्वी प्रांत और अल जुबैल |
| आधिकारिक प्रवक्ता | मेजर जनरल तुर्की अल-मालिकी |
सऊदी अरब में काम करने वाले प्रवासियों और विशेषकर भारतीयों के लिए यह खबर काफी अहम है क्योंकि अल जुबैल और पूर्वी प्रांत में बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक काम करते हैं। हालांकि सुरक्षा बलों ने स्थिति को संभाल लिया है, लेकिन इलाके में हाई अलर्ट जारी है। यह तनाव पिछले कुछ समय से चल रहे क्षेत्रीय संघर्ष का हिस्सा माना जा रहा है जो फरवरी से शुरू हुआ था।




