Iraq में अमेरिकी पत्रकार Shelly Littleson रिहा, मिलिशिया ने रखी तुरंत देश छोड़ने की शर्त, आज मिली आजादी.
इराक में पिछले कुछ दिनों से लापता अमेरिकी पत्रकार Shelly Littleson को आखिरकार रिहा कर दिया गया है. ईरान समर्थित मिलिशिया गुट Kataib Hezbollah ने मंगलवार को उन्हें छोड़ने का फैसला किया. 31 मार्च 2026 को बगदाद की एक सड़क से अगवा होने के बाद उनकी सुरक्षा को लेकर काफी चिंता बनी हुई थी, लेकिन अब इराकी अधिकारियों ने उनकी रिहाई की पूरी पुष्टि कर दी है.
ℹ️: Madagascar में ऊर्जा संकट के कारण लगा आपातकाल, ईरान और अमेरिका की जंग का पड़ा सीधा असर.।
पत्रकार की रिहाई के पीछे क्या शर्तें और वजह रही?
मिलिशिया गुट के सुरक्षा प्रमुख ने साफ़ किया कि पत्रकार को इस शर्त पर आजादी दी गई है कि उन्हें रिहाई के तुरंत बाद इराक छोड़ना होगा. समूह ने अपने बयान में कहा कि उन्होंने यह कदम इराक के निवर्तमान प्रधानमंत्री Mohammed Shia al-Sudani के देश के प्रति काम को सम्मान देने के लिए उठाया है. हालांकि, मिलिशिया ने यह भी साफ कर दिया है कि ऐसी पहल भविष्य में दोबारा नहीं दोहराई जाएगी. रिपोर्टों के अनुसार, यह रिहाई हिरासत में बंद मिलिशिया सदस्यों के बदले में भी हो सकती है.
Shelly Littleson की रिहाई और अपहरण से जुड़ी मुख्य जानकारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| पत्रकार का नाम | Shelly Littleson (उम्र 49 वर्ष) |
| अगवा होने की तारीख | 31 मार्च 2026 |
| रिहाई की तारीख | 7 अप्रैल 2026 (मंगलवार दोपहर) |
| अगवा करने वाला गुट | Kataib Hezbollah (ईरान समर्थित) |
| रिहाई की शर्त | इराक से तत्काल रवानगी |
| काम का अनुभव | इराक और सीरिया में लंबे समय से फ्रीलांस पत्रकार |
इराकी अधिकारियों के अनुसार, Shelly Littleson को रिहाई से पहले बगदाद में ही कहीं रखा गया था. अमेरिकी अधिकारियों ने पहले ही इस अपहरण के लिए इसी मिलिशिया गुट को जिम्मेदार ठहराया था. हालांकि गुट ने पहले जिम्मेदारी नहीं ली थी, लेकिन अब अपनी मर्जी से पत्रकार को छोड़ने का ऐलान किया है. Shelly कई सालों से खाड़ी देशों और युद्ध प्रभावित इलाकों में रिपोर्टिंग कर रही हैं और उनकी रिहाई से उनके परिवार ने बड़ी राहत महसूस की है.



