Riyadh Development: सऊदी सरकार का बड़ा फैसला, रियाद में सड़कों के लिए छीनी जाएंगी जमीनें, मुआवज़े का नया नियम लागू
रियाद शहर की सड़कों को बेहतर बनाने के लिए सऊदी सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। Royal Commission for Riyadh City (RCRC) ने उन संपत्तियों को अधिग्रहित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है जो रिंग रोड और मुख्य सड़कों के विकास के रास्ते में आ रही हैं। यह फैसला शहर में ट्रैफिक की समस्या को दूर करने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए लिया गया है।
मुआवज़े और नए कानून के नियम क्या हैं?
सऊदी अरब में सार्वजनिक लाभ के लिए संपत्ति अधिग्रहण का नया कानून 17 जनवरी 2026 से लागू हो गया है। इस कानून का मकसद पारदर्शी प्रक्रिया अपनाना और संपत्ति मालिकों को उचित भुगतान देना है। मुआवज़े की गणना संपत्ति के मौजूदा बाजार मूल्य के आधार पर की जाएगी और इसमें 20% अतिरिक्त राशि जोड़ी जाएगी। इसके अलावा, यदि संपत्ति मालिक इस मुआवज़े की राशि से कोई दूसरी प्रॉपर्टी खरीदते हैं, तो उन्हें पांच साल तक रियल एस्टेट ट्रांजैक्शन टैक्स से छूट मिलेगी।
कौन से प्रोजेक्ट और इलाके इसमें शामिल हैं?
यह विकास कार्य अलग-अलग चरणों में पूरा किया जाएगा। इसमें अल-थुमामा रोड, सेकंड ईस्टर्न रिंग रोड, प्रिंस मिशाल बिन अब्दुलअजीज रोड और पश्चिमी रिंग रोड जैसे मुख्य इलाके शामिल हैं। इस पूरे प्रोग्राम की शुरुआत क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने की थी। तीसरे चरण के प्रोजेक्ट्स का बजट 8 अरब सऊदी रियाल से अधिक है, जिसमें जेद्दा रोड और तायफ रोड जैसी महत्वपूर्ण सड़कों का विस्तार शामिल है।
संपत्ति मालिकों को क्या करना होगा?
जिन लोगों की जमीन या मकान इस प्रोजेक्ट के दायरे में आते हैं, उन्हें अपने जरूरी दस्तावेज जमा करने होंगे। इन दस्तावेजों में प्रॉपर्टी के मालिकाना हक के कागजात (Title Deeds), नेशनल आईडी और संपत्ति की विस्तृत सर्वे रिपोर्ट शामिल है। ये कागजात RCRC के रोड इम्प्लीमेंटेशन ऑफिस में जाकर या ऑनलाइन माध्यम से जमा किए जा सकते हैं। संपत्ति मालिकों के पास सरकार के फैसले के खिलाफ अपील करने का अधिकार भी होगा।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| नया कानून लागू होने की तारीख | 17 जनवरी 2026 |
| मुआवज़ा राशि | बाजार मूल्य + 20% अतिरिक्त |
| टैक्स छूट की अवधि | 5 साल तक (पुनर्निवेश पर) |
| प्रथम चरण का बजट | 13 अरब सऊदी रियाल |
| द्वितीय चरण का बजट | 8 अरब सऊदी रियाल से अधिक |
| तृतीय चरण का बजट | 8 अरब सऊदी रियाल से अधिक |




