Gaza Ceasefire Update: गाजा में युद्ध विराम के 6 महीने बाद भी परिवार नहीं दे पा रहे अपनों को विदाई, हालात बहुत खराब
गाजा में युद्ध विराम (Ceasefire) को 6 महीने बीत चुके हैं, लेकिन वहां के परिवारों के लिए यह समय अब भी दुखद है. अक्टूबर 2025 में शुरू हुए इस समझौते के बावजूद लोग अपने मरे हुए करीबियों को दफनाने तक में असमर्थ हैं. वहां की स्थिति इतनी खराब है कि कई शव अब भी मलबे के नीचे दबे हुए हैं और परिवार उन्हें तलाश रहे हैं.
गाजा में मौजूदा हालात और नुकसान क्या है?
डॉक्टर्स विदाउट बॉर्डर्स (MSF) के मुताबिक, इसराइल की सेना लगातार युद्ध विराम के नियमों को तोड़ रही है. गाजा में बुनियादी चीजों की भारी कमी है और स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह तबाह हो चुकी हैं. वहां के लोग भोजन और दवाइयों की कमी के कारण दम तोड़ रहे हैं. स्थिति को देखते हुए नेशनल कमेटी फॉर मिसिंग पर्सन्स ने गाजा को दुनिया का सबसे बड़ा कब्रिस्तान बताया है.
| विवरण | आंकड़े/जानकारी |
|---|---|
| युद्ध विराम की शुरुआत | 10 अक्टूबर 2025 |
| युद्ध विराम का उल्लंघन (दावा) | 2,073 बार |
| अक्टूबर 2025 से कुल मौतें | 713 लोग |
| मलबे के नीचे दबे शव | 10,000 से ज्यादा |
| इसराइली हिरासत में मौतें | 90 फिलिस्तीनी |
अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं और रिपोर्ट्स में क्या कहा गया है?
संयुक्त राष्ट्र (UN) की रिपोर्ट के अनुसार, 28 फरवरी 2026 से अब तक कम से कम 200 लोग मारे गए हैं. इसराइल ने बॉर्डर क्रॉसिंग बंद कर दिए हैं, जिससे मानवीय मदद और मरीजों को बाहर ले जाने का काम लगभग रुक गया है. Associated Press ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि अमेरिका का 20-पॉइंट शांति प्लान मानवीय मोर्चे पर फेल हो रहा है और मार्च 2026 में मदद पहुंचाने वाले ट्रकों की संख्या में भारी गिरावट आई है.
Save the Children ने जानकारी दी कि हिंसा, विस्थापन और भूख की वजह से वहां के बच्चों की मानसिक स्थिति बहुत खराब हो गई है. हाल ही में 9 अप्रैल 2026 को दो चचेरे भाइयों की मौत हुई, जिन्हें अगले दिन दफनाया गया. इसराइल की सेना ने दावा किया कि उन्होंने एक आतंकवादी को निशाना बनाया था, जबकि चश्मदीदों ने इसे आम नागरिकों पर हमला बताया.




