Middle East में तनाव बढ़ा, यूरोप में गैस की कीमतें उछलीं, अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की घेराबंदी की
Middle East में बढ़ते तनाव की वजह से यूरोप में गैस की कीमतों में भारी उछाल आया है। अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम की बातचीत नाकाम होने के बाद ग्लोबल एनर्जी मार्केट में हलचल मच गई है। इस तनावपूर्ण स्थिति के कारण यूरोपीय गैस मार्केट में दाम तेजी से ऊपर गए हैं।
गैस की कीमतों में कितनी बढ़ोत्तरी हुई?
सोमवार सुबह डच बेंचमार्क मार्केट में मई डिलीवरी के लिए गैस की कीमतें करीब 12% बढ़कर लगभग 49 यूरो प्रति मेगावाट ऑवर तक पहुंच गईं। रात के समय यह उछाल और भी ज्यादा देखा गया जहां कीमतें करीब 18% बढ़कर 51 यूरो तक चली गई थीं।
अमेरिका ने ईरान के खिलाफ क्या कदम उठाए?
अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों से होने वाले शिपिंग पर नौसैनिक नाकेबंदी (naval blockade) का ऐलान किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा कि यह कार्रवाई तुरंत शुरू होगी। मिलिट्री अधिकारियों ने पुष्टि की कि इसे बेल्जियम समय के अनुसार शाम 16:00 बजे से लागू कर दिया गया है।
यह स्थिति क्यों पैदा हुई?
यह पूरा मामला वाशिंगटन और तेहरान के बीच युद्धविराम (ceasefire) के लिए हुई बातचीत के असफल होने के बाद सामने आया है। दोनों देशों के बीच बातचीत विफल रही जिसके बाद अमेरिका ने सख्त कदम उठाते हुए नाकेबंदी का फैसला किया जिससे ऊर्जा बाजार प्रभावित हुआ है।




