Italy का बड़ा फैसला, Israel के साथ रक्षा समझौता किया निलंबित, सैन्य ट्रेनिंग अब नहीं होगी
इटली ने इसराइल के साथ अपने डिफेंस एग्रीमेंट को आगे न बढ़ाने का फैसला किया है। प्रधानमंत्री Giorgia Meloni ने मंगलवार को इस बात की जानकारी दी। इस फैसले के बाद अब दोनों देशों के बीच सैन्य उपकरणों की अदला-बदली और ट्रेनिंग जैसे काम रुक जाएंगे। यह कदम मध्य पूर्व के मौजूदा हालातों को देखते हुए उठाया गया है।
यह समझौता क्या था और अब क्या होगा?
यह रक्षा समझौता साल 2003 में साइन हुआ था और हर पांच साल में खुद-ब-खुद रिन्यू हो जाता था। इसमें मिलिट्री ट्रेनिंग और डिफेंस टेक्नोलॉजी को शेयर करने की बातें शामिल थीं। 13 अप्रैल 2026 को यह फिर से रिन्यू हुआ था, लेकिन उसके अगले ही दिन इटली सरकार ने इसे निलंबित कर दिया। अब इटली, इसराइल के साथ मिलिट्री ट्रेनिंग में सहयोग नहीं करेगा।
इटली ने यह फैसला क्यों लिया?
पीएम Meloni ने कहा कि यह फैसला मौजूदा हालात को देखते हुए लिया गया है। इटली चाहता है कि मध्य पूर्व में तनाव कम हो और शांति बनी रहे। उन्होंने Strait of Hormuz को दोबारा खोलने और राजनयिक प्रयासों को बढ़ाने पर जोर दिया। इटली के विदेश मंत्री ने पहले भी लेबनान में हुए हमलों की निंदा की थी और वहां एकजुटता दिखाई थी।
इस फैसले की मुख्य बातें
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| घोषणा की तारीख | 14 अप्रैल 2026 |
| समझौते की शुरुआत | 16 जून 2003 |
| प्रभावित क्षेत्र | सैन्य उपकरण, ट्रेनिंग और तकनीक |
| मुख्य अधिकारी | पीएम Meloni और रक्षा मंत्री Guido Crosetto |
| मुख्य कारण | मध्य पूर्व में अस्थिरता |




