अबू धाबी में रहने वाले लोगों और वहां नौकरी कर रहे भारतीय प्रवासियों के लिए एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। अबू धाबी रियल एस्टेट सेंटर (ADREC) ने पूरे अमीरात में किराए में बढ़ोतरी पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। यह फैसला तुरंत प्रभाव से लागू कर दिया गया है और अब कोई भी मकान मालिक अपने किराएदारों का किराया नहीं बढ़ा पाएगा। इस फैसले से वहां रहने वाले परिवारों और बिजनेस चलाने वाले लोगों को सीधे तौर पर आर्थिक राहत मिलेगी।
नए नियम के तहत किराएदारों को क्या फायदे मिलेंगे?
अबू धाबी रियल एस्टेट सेंटर के इस नए आदेश के बाद प्रॉपर्टी बाजार में किराए को लेकर नियम काफी सख्त कर दिए गए हैं। इससे आम लोगों को निम्नलिखित फायदे मिलेंगे:
- 0% किराए में बढ़ोतरी: अब किसी भी रेंटल एग्रीमेंट के रिन्यूअल यानी नवीनीकरण पर किराए में शून्य प्रतिशत की बढ़ोतरी होगी, जिसका मतलब है कि किराया बिल्कुल नहीं बढ़ेगा।
- नए किराएदारों के लिए राहत: यदि कोई किराएदार घर खाली करता है, तो नए आने वाले किराएदार को भी उसी पुरानी कीमत पर ही वह घर देना होगा। मकान मालिक खाली घर का फायदा उठाकर बाजार रेट के नाम पर किराया नहीं बढ़ा सकेंगे।
- सभी संपत्तियों पर लागू: यह नियम केवल रहने वाले फ्लैटों या घरों पर ही नहीं, बल्कि कमर्शियल और इंडस्ट्रियल संपत्तियों पर भी पूरी तरह लागू होगा।
- Tawtheeq रजिस्ट्रेशन अनिवार्य: किसी भी रेंटल एग्रीमेंट को कानूनी रूप से सही मानने के लिए उसका Tawtheeq सिस्टम में रजिस्टर्ड होना बेहद जरूरी है।
पुराने 5% वाले कानून का अब क्या होगा?
अबू धाबी में पहले के कानून के मुताबिक मकान मालिकों को हर साल किराए में 5% तक की बढ़ोतरी करने की छूट थी, बशर्ते वे किराएदार को दो महीने पहले इसकी जानकारी दे दें। लेकिन इस नए आदेश के बाद पुराना नियम फिलहाल के लिए रुक गया है और नया शून्य प्रतिशत वाला नियम अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह फैसला बाजार में स्थिरता बनाए रखने के लिए एक बड़ा कदम है। 28 फरवरी को शुरू हुए अमेरिका-ईरान युद्ध के बाद से सरकार लगातार आम जनता की मदद के लिए कदम उठा रही है। यह रेंट फ्रीज भी उसी राहत का हिस्सा है ताकि लोगों पर महंगाई का बोझ कम किया जा सके और मकान मालिक-किराएदार के बीच होने वाले विवादों को खत्म किया जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या यह रेंट फ्रीज नए किराएदारों के लिए भी लागू होगा?
हां, यदि कोई घर खाली होता है और नया किराएदार उसमें आता है, तो मकान मालिक को पिछले रेंट एग्रीमेंट वाली रेट पर ही नया कॉन्ट्रैक्ट साइन करना होगा।
क्या दुकानों और ऑफिसों के किराए पर भी यह नियम लागू है?
हां, अबू धाबी रियल एस्टेट सेंटर के अनुसार यह फैसला आवासीय, कमर्शियल और इंडस्ट्रियल सभी तरह की संपत्तियों पर तुरंत प्रभाव से लागू किया गया है।
