अबू धाबी के औद्योगिक क्षेत्र में बहुत बड़ी तेजी देखी गई है। यहां नए कारखानों और फैक्ट्रियों की संख्या में भारी इजाफा हुआ है, जिससे आने वाले समय में रोजगार के नए मौके बढ़ेंगे। यह सारी तरक्की अबू धाबी की खास औद्योगिक रणनीति की वजह से हो रही है।

अबू धाबी में कितनी नई फैक्ट्रियां शुरू हुईं?

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, साल 2025 में अबू धाबी में पूरी तरह से काम शुरू करने वाली औद्योगिक इकाइयों की संख्या में 53 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई है।

  • 2024 में: 75 फैक्ट्रियां काम शुरू कर पाई थीं
  • 2025 में: यह संख्या बढ़कर 115 तक पहुंच गई है

इस बढ़त की वजह से अबू धाबी अब इस क्षेत्र का सबसे प्रतिस्पर्धी इंडस्ट्रियल हब बन गया है।

इस तरक्की की मुख्य वजह और सरकारी योजना क्या है?

अबू धाबी के आर्थिक विकास विभाग (ADDED) के अंडरसेक्रेटरी हमाद सायाह अल मज़रौई ने बताया कि यह बढ़त ‘अबू धाबी इंडस्ट्रियल स्ट्रैटेजी’ (ADIS) के कारण संभव हुई है। यह रणनीति देश की प्राथमिकताओं के हिसाब से बनाई गई है ताकि सामान की सप्लाई चेन को और मजबूत किया जा सके।

मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर अबू धाबी की GDP में सबसे ज्यादा योगदान देने वाले क्षेत्रों में से एक है। हाल ही में ‘Make it in the Emirates’ के पांचवें सेशन में इस बात पर जोर दिया गया कि आर्थिक विकास और विविधता को बढ़ाने के लिए यह सेक्टर बहुत जरूरी है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अबू धाबी में फैक्ट्रियों की संख्या क्यों बढ़ रही है?

यह ‘अबू धाबी इंडस्ट्रियल स्ट्रैटेजी’ (ADIS) का असर है, जिसका मुख्य उद्देश्य आर्थिक विकास को तेज करना और अर्थव्यवस्था को केवल तेल पर निर्भर न रखकर अन्य क्षेत्रों में फैलाना है।

मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर का अबू धाबी की अर्थव्यवस्था पर क्या असर है?

मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर अबू धाबी की GDP में सबसे बड़े योगदानकर्ताओं में से एक है और यह अमीरात को क्षेत्र का सबसे प्रतिस्पर्धी औद्योगिक केंद्र बनाने में मदद कर रहा है।