Abu Dhabi Police ने इस साल रमजान के दौरान भीख मांगने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अब तक 118 लोगों को गिरफ्तार किया है जो सड़कों और सार्वजनिक जगहों पर भीख मांग रहे थे। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे अपनी मेहनत की कमाई केवल उन संस्थाओं को दें जो सरकार से मान्यता प्राप्त हैं। पुलिस का कहना है कि भीख मांगने वाले लोग अक्सर फर्जी कहानियां सुनाकर लोगों को ठगने का काम करते हैं।

UAE में भीख मांगने पर कितनी सजा और जुर्माना है?

UAE के फेडरल कानून के तहत भीख मांगना एक गंभीर अपराध है। इसके लिए सख्त सजा तय की गई है ताकि समाज में सुरक्षा बनी रहे:

  • भीख मांगते हुए पकड़े जाने पर 5,000 AED का जुर्माना और 3 महीने तक की जेल हो सकती है।
  • संगठित भीख मंगवाने वाले गैंग के संचालकों को कम से कम 6 महीने की जेल और 1 लाख AED का जुर्माना देना होगा।
  • सोशल मीडिया या ऑनलाइन भीख मांगना भी अपराध है, जिसमें जेल और 10,000 AED तक का जुर्माना लगता है।
  • अगर भिखारी स्वस्थ है और काम करने के लायक है, तो सजा को और अधिक बढ़ाया जा सकता है।
  • धोखे से चोट या बीमारी का नाटक करने वालों पर पुलिस की विशेष नजर रहती है।

इन आधिकारिक रास्तों से ही करें अपनी चैरिटी और दान

अबू धाबी पुलिस के अनुसार दान हमेशा सही हाथों में पहुंचना चाहिए। इसके लिए सरकार ने कुछ आधिकारिक संस्थाएं तय की हैं:

संस्था का नाम सेवा का प्रकार
Emirates Red Crescent आधिकारिक दान और राहत कार्य
Khalifa Bin Zayed Al Nahyan Foundation जरूरतमंदों की सहायता
Zayed Bin Sultan Al Nahyan Foundation चैरिटी और सोशल वर्क
Ma’an Authority सरकारी कंट्रीब्यूशन चैनल

Brigadier Musallam Mohammed Al-Ameri ने बताया कि भीख मांगने से देश की छवि खराब होती है और यह चोरी जैसे अपराधों को बढ़ावा दे सकता है। पुलिस ने सड़कों पर सुरक्षा बढ़ाने के लिए ‘Together Let’s Stop Beggars’ जैसे जागरूकता अभियान भी चलाए हैं। अगर कोई व्यक्ति आर्थिक मदद का पात्र है, तो उसे संबंधित मंत्रालयों या सामाजिक कल्याण संस्थाओं से संपर्क करना चाहिए।