अफगानिस्तान की वायु सेना ने पाकिस्तान के Balochistan और Khyber Pakhtunkhwa प्रांतों में ISIS के ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए हैं। ये हमले 1 जुलाई 2026 के आसपास किए गए ताकि आतंकियों के सुरक्षित ठिकानों को खत्म किया जा सके। अफगानिस्तान ने साफ तौर पर चेतावनी दी है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए खतरा बनने वाली हर जगह को निशाना बनाएगा।

Afghanistan के रक्षा मंत्रालय ने इन हमलों की पुष्टि की है। मंत्रालय के मुताबिक, ये हमले ISIS-K (Islamic State Khorasan) के उन केंद्रों पर किए गए जहाँ से अफगानिस्तान के खिलाफ हमलों की प्लानिंग हो रही थी। सरकारी प्रवक्ता Hamdullah Fitrat ने बताया कि इस हमले में कई ISIS सदस्य मारे गए हैं और किसी भी आम नागरिक को नुकसान नहीं पहुँचा है।

जानकारी के मुताबिक, हवाई हमले Balochistan के Qila Abdullah जिले के Gulistan इलाके और Chagai जिले के Shakar Ab Jungle Gardi इलाके में हुए। इसके अलावा Khyber Pakhtunkhwa के Orakzai Agency में Qambar Khel इलाके और Saran इलाके के एक स्कूल को भी निशाना बनाया गया, जिसे तालिबान ने ISIS का अड्डा बताया है।

ये पूरा मामला तब शुरू हुआ जब पाकिस्तान ने 28 और 29 जून 2026 को अफगानिस्तान सीमा पर हवाई और जमीनी हमले किए थे। पाकिस्तान के सूचना मंत्री Attaullah Tarar ने कहा था कि ये कार्रवाई कराची जैसे शहरों में हुए हमलों के जवाब में TTP और अन्य आतंकियों को खत्म करने के लिए की गई थी। पाकिस्तान का दावा था कि उन्होंने 29 आतंकियों को मारा है।

वहीं दूसरी तरफ, अफगानिस्तान के प्रवक्ता Hamdullah Fitrat और UNAMA की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान के इन हमलों में कई आम नागरिक, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे, मारे गए और घायल हुए। इसी का बदला लेने के लिए अफगानिस्तान ने पाकिस्तान की सीमा के अंदर हमले किए हैं।

पाकिस्तान की सेना ने दावा किया है कि उन्होंने अफगानिस्तान की तरफ से आए 4 ड्रोन को हवा में ही मार गिराया। पाकिस्तान ने चेतावनी दी है कि अगर ऐसी हरकतें दोबारा हुईं तो उसका जवाब और भी कड़ा होगा। इस पूरे विवाद के बीच India ने पाकिस्तान के पुराने हमलों की कड़े शब्दों में आलोचना की और इसे शांति के लिए खतरा बताया है।