अमेरिकी विशेष दूत Steve Witkoff ने संकेत दिए हैं कि ईरान अब समझौता करने में दिलचस्पी दिखा रहा है। अमेरिका ने ईरान को 15 सूत्रीय एक्शन लिस्ट सौंपी है जिसे बातचीत का आधार माना जा रहा है। पाकिस्तान इस मामले में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और दोनों देशों के बीच संदेश पहुंचा रहा है। राष्ट्रपति Donald Trump ने भी दावा किया है कि ईरान समझौते के लिए काफी उत्सुक है और उन्होंने चेतावनी दी है कि बहुत देर होने से पहले ईरान को बातचीत में शामिल होना चाहिए।

अमेरिका और ईरान के बीच क्या शर्तें रखी गई हैं?

अमेरिका ने जो 15 शर्तें रखी हैं उनमें मुख्य रूप से ईरान के परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह बंद करना, यूरेनियम संवर्धन खत्म करना और यूरेनियम के भंडार को सौंपना शामिल है। इसके अलावा ईरान को अपनी मिसाइल क्षमताओं को सीमित करने और क्षेत्रीय समूहों को समर्थन देना बंद करने को कहा गया है। ईरान की ओर से भी जवाबी शर्तें आई हैं जिनमें युद्ध के नुकसान की भरपाई और पश्चिम एशिया से अमेरिकी सैन्य अड्डों को हटाने जैसी मांगें शामिल हैं। ईरान ने सार्वजनिक रूप से इन वार्ताओं से इनकार किया है लेकिन कुछ रिपोर्ट्स बताती हैं कि अधिकारी प्रस्तावों की समीक्षा कर रहे हैं।

क्षेत्र में हाल की बड़ी घटनाएं और ताजा स्थिति

इस बातचीत की खबरों के बीच क्षेत्र में सैन्य हलचल भी जारी है। UAE के रक्षा मंत्रालय ने हाल ही में कई ईरानी मिसाइलों और ड्रोनों को मार गिराने की रिपोर्ट दी है। वहीं दूसरी ओर खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और व्यापारिक मार्ग के लिए Strait of Hormuz में सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा बनी हुई है।

प्रमुख जानकारी विवरण
मध्यस्थता करने वाले देश Pakistan, Egypt और Turkey दोनों देशों के बीच बातचीत का रास्ता बना रहे हैं।
सैन्य घटना Centcom ने इजरायली हवाई हमले में IRGC कमांडर Alireza Tangsiri की मौत की पुष्टि की है।
Hormuz शुल्क ईरान की संसद Strait of Hormuz से गुजरने वाले जहाजों पर शुल्क लगाने के लिए कानून बना रही है।
Donald Trump का बयान ट्रंप का कहना है कि अमेरिकी सैन्य अभियान समय से काफी आगे चल रहे हैं।
ईरान का रुख विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा है कि उनकी सरकार ने फिलहाल कोई बातचीत नहीं की है।
Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com