अरब क्षेत्र में बढ़ रहे तनाव के बीच अरब लीग के महासचिव Nabil Fahmy ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने हाल ही में Saudi Arabia और Jordan पर हुए ड्रोन हमलों को सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बताया है। 29 जुलाई 2026 को सऊदी अरब के ईस्टर्न प्रोविंस में पेट्रोलियम सुविधाओं और जॉर्डन पर हुए हमलों के बाद उन्होंने साफ कहा कि ऐसी हरकतें क्षेत्र की शांति को खराब कर रही हैं।
तनाव कम करने की अपील
Nabil Fahmy ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मांग की है कि इन हमलों के दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि देशों की संप्रभुता का सम्मान करना और बुनियादी ढांचे की सुरक्षा करना सबसे जरूरी है। इससे पहले 27 जुलाई 2026 को उन्होंने चेतावनी दी थी कि फिलिस्तीन के मुद्दे और खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के कारण मध्य पूर्व एक खतरनाक मोड़ पर खड़ा है।
ईरान और अमेरिका को संदेश
13 जुलाई 2026 को अपनी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में Nabil Fahmy ने अरब देशों पर हुए हमलों को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि अरब राज्यों की संप्रभुता एक रेड लाइन है। उन्होंने अमेरिका और ईरान से लगातार अपील की है कि वे खाड़ी में तनाव कम करने के लिए बातचीत का रास्ता अपनाएं। उनका मानना है कि हालात बिगड़ने से न केवल सुरक्षा पर असर पड़ेगा, बल्कि आर्थिक नुकसान भी झेलना पड़ सकता है। उन्होंने लेबनान में इसराइल द्वारा बल प्रयोग की भी निंदा की और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के पालन पर जोर दिया।
