भारत सरकार के सबसे बड़े थिंक टैंक NITI Aayog में बड़ा बदलाव हुआ है। अशोक Lahiri को नया उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। अपनी नियुक्ति के अगले ही दिन उन्होंने प्रधानमंत्री Narendra Modi से नई दिल्ली में मुलाकात की। इस बैठक के साथ ही उन्होंने अपने नए कार्यकाल की शुरुआत कर दी है।

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कौन हैं अशोक लाहिड़ी और उनकी क्या योग्यता है?

अशोक Lahiri एक जाने-माने अर्थशास्त्री हैं। वह भारत सरकार के पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) रह चुके हैं और 15वें वित्त आयोग के सदस्य भी रहे हैं। वर्तमान में वह पश्चिम बंगाल के बालुरघाट से BJP विधायक हैं। उनकी आर्थिक नीतियों और वैश्विक संस्थानों के अनुभव का फायदा अब देश की आर्थिक रणनीति बनाने में मिलेगा।

NITI Aayog में और क्या बड़े बदलाव हुए हैं?

अशोक Lahiri ने सुमन बेरी की जगह ली है। उनके साथ ही IISER भोपाल के डायरेक्टर Gobardhan Das को भी NITI Aayog का सदस्य मनोनीत किया गया है। गोवर्धन दास पहले JNU के प्रोफेसर थे और उन्होंने 2021 के चुनाव भी लड़े थे। यह बदलाव NITI Aayog में एक बड़े ओवरहाल का हिस्सा माना जा रहा है।

NITI Aayog क्या है और इसका क्या काम है?

NITI Aayog की स्थापना 1 जनवरी 2015 को हुई थी, जिसने पुराने योजना आयोग (Planning Commission) की जगह ली। यह सरकार के लिए मुख्य नीति बनाने वाली संस्था है। इसका चेयरमैन प्रधानमंत्री होते हैं और उपाध्यक्ष का चयन भी प्रधानमंत्री ही करते हैं। अशोक Lahiri अब इस संस्था में प्रधानमंत्री के बाद दूसरे सबसे बड़े पद पर रहेंगे।