बहरीन की हाई क्रिमिनल कोर्ट ने देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ बहुत सख्त फैसला सुनाया है। कोर्ट ने ईरान के लिए जासूसी करने के आरोप में 5 लोगों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इन लोगों ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के लिए काम किया और बहरीन के खिलाफ साजिश रची थी।

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किन्हें मिली उम्रकैद की सजा और क्या था मामला?

कोर्ट ने 27 अप्रैल 2026 को अपना फैसला सुनाया जिसमें 5 लोगों को उम्रकैद की सजा दी गई। इन दोषियों में 3 बहरीन के नागरिक और 2 अफगान नागरिक शामिल हैं। जांच में यह बात सामने आई कि ये लोग ईरान की IRGC के लिए जासूस के तौर पर काम कर रहे थे। एक अफगान नागरिक को तो खास तौर पर बहरीन की जरूरी जगहों की निगरानी करने और उनकी फोटो खींचने के लिए भर्ती किया गया था। इन लोगों का मकसद बहरीन के राष्ट्रीय हितों को नुकसान पहुंचाना और देश में डर फैलाना था।

सोशल मीडिया पोस्ट और अन्य सजाओं का क्या अपडेट है?

इस मामले में सिर्फ जासूस ही नहीं बल्कि सोशल मीडिया पर गलत बातें लिखने वालों पर भी गाज गिरी है। कोर्ट की कार्यवाही के दौरान निम्नलिखित बातें सामने आईं:

  • 22 अलग-अलग केसों में 24 लोगों को 5 से 10 साल तक की जेल और जुर्माना सुनाया गया। इन लोगों ने सोशल मीडिया पर ईरान की बहरीन विरोधी हरकतों का समर्थन किया था।
  • दो अफगान दोषियों को 25 साल की जेल काटने के बाद बहरीन से डिपोर्ट (देश से बाहर) करने का आदेश दिया गया।
  • एक आरोपी को कोर्ट ने बेगुनाह पाया और उसे बरी कर दिया।

बहरीन सरकार और पब्लिक प्रोसिक्यूशन का क्या कहना है?

बहरीन के पब्लिक प्रोसिक्यूशन ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि किसी भी विदेशी दुश्मन देश के साथ संपर्क रखना और बहरीन की सुरक्षा के खिलाफ काम करना सबसे गंभीर अपराधों में से एक है। मार्च 2026 में बहरीन के इंटीरियर मिनिस्ट्री ने इन लोगों को गिरफ्तार किया था। जांच के दौरान कुछ आरोपियों ने यह भी माना कि उन्हें IRGC के कैंपों में कड़ी ट्रेनिंग दी गई थी ताकि वे देश की संप्रभुता को नुकसान पहुंचा सकें।

Frequently Asked Questions (FAQs)

बहरीन कोर्ट ने ईरान के जासूसों को क्या सजा सुनाई?

कोर्ट ने 27 अप्रैल 2026 को 3 बहरीन नागरिकों और 2 अफगान नागरिकों को उम्रकैद की सजा सुनाई क्योंकि वे ईरान की IRGC के लिए जासूसी कर रहे थे।

क्या सोशल मीडिया पोस्ट के लिए भी जेल हुई है?

हाँ, बहरीन कोर्ट ने 24 लोगों को 5 से 10 साल की जेल सुनाई है जिन्होंने सोशल मीडिया पर ईरान के बहरीन विरोधी हमलों का समर्थन किया था।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.