बहरीन की संसद ने सरकारी खरीद और टेंडर से जुड़े नियमों में बड़े बदलावों को मंजूरी दे दी है। अब मंत्रालयों और सरकारी कंपनियों को सामान खरीदने के लिए पहले से ज्यादा बजट की छूट मिलेगी। यह फैसला पुराने कानूनों की कमियों को दूर करने और व्यापार को आसान बनाने के लिए लिया गया है। 6 मई 2026 को सांसदों ने इन संशोधनों को पास कर शुरा काउंसिल को भेज दिया है।
सरकारी खरीदारी की लिमिट और बजट में क्या बदलाव हुए हैं?
सरकार ने आंतरिक खरीदारी की सीमा को काफी बढ़ा दिया है ताकि काम में तेजी आए। अब सरकारी विभागों को छोटे खर्चों के लिए बार-बार लंबी प्रक्रिया से नहीं गुजरना होगा। हालांकि, इन सभी खर्चों की जानकारी हर तीन महीने में Tender Board Bahrain को देना जरूरी होगा।
| विवरण | पुराना नियम | नया नियम |
|---|---|---|
| मंत्रालयों की आंतरिक खरीद सीमा | BD 25,000 | BD 50,000 |
| सरकारी कंपनियों की खरीद सीमा | BD 50,000 | BD 100,000 |
| SME के लिए टेंडर कोटा | 20% | 20% (कोई बदलाव नहीं) |
| नीलामी का तरीका | पुराना और कड़ा | फिजिकल और इलेक्ट्रॉनिक |
| रिपोर्टिंग समय | – | हर 3 महीने में Tender Board को |
टेंडर और नीलामी की नई प्रक्रिया क्या होगी?
अब नीलामी के पुराने और सख्त नियमों की जगह नए तरीके अपनाए जाएंगे। अब सरकारी नीलामी फिजिकल तौर पर या ऑनलाइन तरीके से की जा सकेगी और कुछ खास शर्तों के साथ इसे प्राइवेट कंपनियां भी मैनेज कर सकेंगी।
- बातचीत की छूट: कैबिनेट की मंजूरी के बाद सरकार अब बिडर्स के साथ मोल-भाव कर सकेगी, बशर्ते केवल एक ही बोली लगाने वाला हो या बजट से ज्यादा बोली लगी हो।
- संसद का कंट्रोल: अब कैबिनेट अपनी मर्जी से बजट की सीमा नहीं बदल पाएगा, इसके लिए संसद की मंजूरी जरूरी होगी।
- SME को सुरक्षा: छोटे और मध्यम उद्योगों (SMEs) के लिए 20 प्रतिशत टेंडर का आरक्षण जारी रहेगा, जिससे स्थानीय कारोबारियों को फायदा मिलता रहेगा।
संसद की वित्तीय और आर्थिक मामलों की समिति के अध्यक्ष MP Ahmed Al Salloom ने बताया कि ये बदलाव अंतरराष्ट्रीय मानकों के हिसाब से किए गए हैं ताकि सरकारी पैसे का सही इस्तेमाल हो सके। बहरीन चैंबर और बहरीन बिजनेसमैन एसोसिएशन ने भी इस कदम का स्वागत किया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या छोटे व्यवसायों (SMEs) के लिए टेंडर नियमों में कोई बदलाव हुआ है?
नहीं, छोटे और मध्यम उद्योगों के लिए 20 प्रतिशत टेंडर का आरक्षण पहले जैसा ही रहेगा, इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है।
अब सरकारी नीलामी कैसे की जाएगी?
अब नीलामी फिजिकल तौर पर या इलेक्ट्रॉनिक तरीके से की जा सकेगी और सख्त कंट्रोल के तहत इसे प्राइवेट ऑपरेटर भी संभाल सकते हैं।