बहरीन ने दावा किया है कि युद्ध के दौरान ईरान ने उसके इलाके में 200 से ज्यादा मिसाइलें और 600 ड्रोन दागे। इस गंभीर हालात को देखते हुए बहरीन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UN Security Council) से इमरजेंसी मीटिंग की मांग की है।
2 जुलाई 2026 को UN सुरक्षा परिषद की एक आपातकालीन बैठक बुलाई गई। इस मीटिंग में बहरीन के विदेश मंत्री Abdullatif Bin Rashid Al-Zayani शामिल होने वाले हैं। बहरीन सरकार ने ईरान द्वारा किए गए इन हमलों को अपनी संप्रभुता का बड़ा उल्लंघन बताया है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि जून के आखिरी हफ्ते में हुए ये हमले क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा हैं।
ईरान का दावा और अमेरिकी ठिकानों पर हमला
दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी हमलों को गलत बताया। ईरान ने कन्फर्म किया कि उन्होंने 28 जून 2026 की रात को खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। ईरान के मुताबिक, उनके निशाने पर बहरीन में स्थित US Fifth Fleet का हेडक्वार्टर भी था।
बहरीन डिफेंस फोर्स (BDF) ने हमलों को रोकने के लिए अपनी ताकत झोंक दी। रिपोर्ट के अनुसार, युद्ध की शुरुआत से अब तक बहरीन ने 188 मिसाइलों और 468 ड्रोन को हवा में ही इंटरसेप्ट कर गिराया है। सऊदी अरब ने भी ईरान के इन हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है।
बता दें कि अमेरिका और ईरान के बीच 17 जून 2026 को एक युद्धविराम (ceasefire) समझौता हुआ था। लेकिन अब दोनों देश एक-दूसरे पर इस समझौते को तोड़ने का आरोप लगा रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव ने सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की है ताकि आम नागरिकों और बुनियादी ढांचे को नुकसान न पहुंचे।
- UN मीटिंग की तारीख: 2 जुलाई 2026
- ईरान का दावा: US Fifth Fleet हेडक्वार्टर को बनाया निशाना
- BDF का डेटा: 188 मिसाइल और 468 ड्रोन इंटरसेप्ट किए गए
- युद्धविराम समझौता: 17 जून 2026 को हुआ था
