बहरीन के किंग हमद बिन ईसा अल खलीफा और जॉर्डन के किंग अब्दुल्ला द्वितीय के बीच एक अहम बैठक हुई है। इस दौरान दोनों देशों ने ईरान के हमलों के खिलाफ एक साथ खड़े होने का फैसला किया है। बहरीन और जॉर्डन ने साफ किया है कि वे अपनी सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएंगे। 17 मार्च 2026 को हुई इस मुलाकात के बाद दोनों देशों ने रक्षा और कूटनीति को लेकर कई महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं।

ℹ️: Saudi Arabia Meeting: रियाद में आज अरब और इस्लामिक देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक, सुरक्षा और स्थिरता पर चर्चा

ईरान के हमलों पर क्या है ताजा अपडेट?

बहरीन रक्षा बल ने आधिकारिक डेटा जारी करते हुए बताया है कि 28 फरवरी 2026 से अब तक ईरान के 344 प्रोजेक्टाइल को हवा में ही नष्ट किया जा चुका है। इसमें 215 ड्रोन और 129 बैलिस्टिक मिसाइलें शामिल हैं। एक हमले में बहरीन के एक वाटर प्लांट पर नुकसान पहुंचा, जिसमें एक बहरीनी महिला की जान चली गई। हालांकि, प्लांट में अभी भी काम चल रहा है।

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में भी बहरीन और जॉर्डन ने गल्फ देशों (GCC) की तरफ से एक साझा बयान दिया है। इस बयान में नागरिक ठिकानों पर हो रहे इन हमलों की कड़ी निंदा की गई है और इसे बिना वजह का हमला बताया गया है। दोनों देशों ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2817 को पूरी तरह से लागू करने की मांग की है, ताकि इन हमलों को तुरंत रोका जा सके।

आम लोगों के लिए नियम और चेतावनी

बहरीन के गृह मंत्रालय ने आम जनता के लिए जानकारी दी है कि इमरजेंसी सायरन सिर्फ तभी बजाए जाएंगे जब देश के अंदर किसी जगह पर सीधा खतरा मंडरा रहा होगा। इसके अलावा, ट्रैफिक पुलिस ने 45 ऐसे ड्राइवरों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की है जो सायरन बजने के दौरान अपनी गाड़ियों से जानबूझकर तेज आवाज निकाल रहे थे, जिससे लोगों के बीच बेवजह डर का माहौल बन रहा था।

इसके साथ ही, अधिकारियों ने मिसाइल को हवा में रोके जाने का वीडियो बनाने या शेयर करने पर भी सख्त मनाही कर दी है। यूएई (UAE) और बहरीन में रहने वाले सभी लोगों और प्रवासियों से कहा गया है कि वे सोशल मीडिया पर ऐसी कोई भी वीडियो न डालें, क्योंकि इससे सुरक्षा बलों के ठिकानों की जानकारी लीक हो सकती है और आम लोगों में घबराहट फैल सकती है।

समुद्री सुरक्षा और कूटनीति पर जोर

दोनों देशों के राजाओं ने होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में जहाजों की सुरक्षित आवाजाही को लेकर भी चिंता जाहिर की है। उनका कहना है कि इस समुद्री रास्ते पर किसी भी तरह का खतरा वैश्विक व्यापार और कानून का उल्लंघन है। बहरीन ने साफ किया है कि संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत गल्फ देशों को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है।

जॉर्डन के किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने इस बात पर जोर दिया कि उनका देश अपनी सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाएगा। लेकिन इसके साथ ही, इस क्षेत्रीय तनाव को कम करने के लिए कूटनीति और बातचीत का रास्ता भी खुला रखा जाएगा।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com