Bahrain के किंग हमद बिन ईसा अल खलीफा ने ईरान के हमलों की कड़ी निंदा की है. उन्होंने साफ कहा कि देश की सुरक्षा और स्थिरता के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. किंग हमद ने उन लोगों को देश का गद्दार बताया है जिन्होंने मुश्किल घड़ी में दुश्मन का साथ दिया और देश के खिलाफ साजिश रची.

बहरीन पर हुए हमले और डिफेंस फोर्स की कार्रवाई

ईरान ने बहरीन के नागरिक इलाकों और ऊर्जा केंद्रों को निशाना बनाया था. इन हमलों का सामना करने के लिए Bahrain Defence Force पूरी तरह अलर्ट पर रही. आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, बहरीन के एयर डिफेंस सिस्टम ने अब तक कुल 717 मिसाइल और ड्रोन को हवा में ही मार गिराया है. इसमें 194 मिसाइल और 523 ड्रोन शामिल थे. ये हमले फरवरी 2026 के अंत से शुरू हुए थे.

गद्दारों पर सख्त एक्शन और नागरिकता रद्द

किंग हमद ने आदेश दिया कि जिन लोगों ने ईरान के हमलों का समर्थन किया है, उनकी नागरिकता तुरंत रद्द की जाए. इससे पहले भी 69 लोगों की नागरिकता इसी वजह से छीनी जा चुकी थी. कानूनी कार्रवाई के तहत हाई क्रिमिनल कोर्ट ने 5 लोगों को उम्रकैद की सजा सुनाई है, जिन्होंने ईरान के साथ मिलकर आतंकवादी साजिश रची थी. इसके अलावा 25 और लोगों को 10 साल तक की जेल हुई है क्योंकि उन्होंने सोशल मीडिया पर हमलों का समर्थन किया था.

UAE ने भी लगाया यात्रा प्रतिबंध

क्षेत्र में बढ़ते तनाव को देखते हुए UAE सरकार ने भी बड़ा कदम उठाया है. UAE विदेश मंत्रालय ने अपने नागरिकों के लिए ईरान, लेबनान और इराक की यात्रा पर रोक लगा दी है. राष्ट्रपति के सलाहकार अनवर गर्गाश ने बयान दिया कि ईरान की किसी भी एकतरफा बात पर भरोसा नहीं किया जा सकता. बहरीन के किंग ने यह भी कहा कि ईरान को बहरीन और अन्य खाड़ी देशों के आंतरिक मामलों में दखल देना बंद करना होगा.

Frequently Asked Questions (FAQs)

बहरीन के डिफेंस सिस्टम ने कुल कितने हमले रोके?

बहरीन डिफेंस फोर्स ने अब तक कुल 717 प्रोजेक्टाइल्स को इंटरसेप्ट किया है, जिसमें 194 मिसाइल और 523 ड्रोन शामिल थे.

ईरान के समर्थन में बोलने वालों को क्या सजा मिली?

बहरीन की हाई क्रिमिनल कोर्ट ने 5 लोगों को उम्रकैद और 25 अन्य लोगों को 10 साल तक की जेल की सजा सुनाई है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.