बहरीन के राजा ने देश की सुरक्षा को लेकर बहुत कड़ा कदम उठाया है. उन्होंने आदेश दिया है कि देश के साथ गद्दारी करने वालों और सुरक्षा में बाधा डालने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई शुरू की जाए. इस नए निर्देश में उन लोगों की नागरिकता की जांच करने की बात भी कही गई है जो इसके लायक नहीं हैं.

नागरिकता पर क्या होगा नया एक्शन?

किंग हमद बिन ईसा अल खलीफा ने साफ कहा है कि अब यह देखा जाएगा कि कौन बहरीन की नागरिकता रखने के हकदार हैं और कौन नहीं. बहरीन नागरिकता अधिनियम 1963, जिसमें 2019 में बदलाव किया गया था, उसके तहत अगर किसी व्यक्ति से देश की सुरक्षा को खतरा होता है, तो उसकी नागरिकता वापस ली जा सकती है. इस प्रक्रिया के लिए कानूनी नियमों का सख्ती से पालन किया जाएगा.

सुरक्षा और विरोध प्रदर्शनों पर क्या नियम हैं?

बहरीन के आंतरिक मंत्रालय ने देश में विरोध प्रदर्शनों पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी है. सरकार ने इसे सार्वजनिक सुरक्षा के लिए जरूरी बताया है क्योंकि ईरान की ओर से आक्रामकता बढ़ी है. हाल ही में 60 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं. इन लोगों पर ऑनलाइन गतिविधियों और प्रदर्शनों के जरिए देशद्रोह करने का आरोप लगा है.

जिम्मेदारी और मुख्य विवरण

राजा ने इस पूरे काम को लागू करने की जिम्मेदारी क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री प्रिंस सलमान बिन हमद अल खलीफा को सौंपी है. उन्हें निर्देश दिया गया है कि सुरक्षा और अर्थव्यवस्था से जुड़ी किसी भी कमी को तुरंत दूर किया जाए. आंतरिक मंत्रालय ने पहले ही चेतावनी दी थी कि किसी बाहरी देश के प्रति वफादारी दिखाना देशद्रोह माना जाएगा.

विवरण जानकारी
आदेश की तारीख 19 अप्रैल, 2026
मुख्य निर्देश नागरिकता की समीक्षा और देशद्रोह पर कार्रवाई
आदेश देने वाले किंग हमद बिन ईसा अल खलीफा
कार्रवाई की जिम्मेदारी क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री
लागू कानून बहरीन नागरिकता अधिनियम 1963 (संशोधन 2019)
तनाव का कारण ईरानी आक्रामकता
हालिया गिरफ्तारी 60 से अधिक लोग
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.