बहरीन की अल-खलीज पेट्रोकेमिकल इंडस्ट्रीज कंपनी (GPIC) पर रविवार 5 अप्रैल 2026 को बड़ा ड्रोन हमला हुआ है। बहरीन न्यूज एजेंसी के मुताबिक ईरान की तरफ से किए गए इस हमले के बाद कंपनी की कई ऑपरेशनल यूनिट्स में भीषण आग लग गई थी। गल्फ देशों में रहने वाले भारतीयों और प्रवासियों के लिए सुरक्षा एक बड़ी चिंता बन गई है क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों से इस तरह की घटनाएं लगातार हो रही हैं। राहत की बात यह है कि आग पर काबू पा लिया गया है और किसी की जान जाने की खबर नहीं है।

हमले के बाद की ताजा स्थिति क्या है?

अल-खलीज पेट्रोकेमिकल इंडस्ट्रीज कंपनी ने आधिकारिक बयान में बताया है कि हमले के तुरंत बाद उनकी सेफ्टी टीमों ने आग बुझाने का काम शुरू कर दिया था। अब हालात नियंत्रण में हैं और कंपनी की टीमें मशीनों को हुए नुकसान का अंदाजा लगा रही हैं। बहरीन के गृह मंत्रालय ने इस घटना की कड़ी निंदा की है और इसे ईरान की तरफ से की गई बड़ी कार्रवाई बताया है। सुरक्षा बल अब पूरे इलाके में पेट्रोलिंग बढ़ा रहे हैं ताकि आगे ऐसे खतरों को रोका जा सके।

बहरीन और गल्फ के अन्य देशों पर प्रभाव

  • बहरीन डिफेंस फोर्स ने पिछले 24 घंटों में 16 ड्रोन को इंटरसेप्ट कर हवा में ही मार गिराया है।
  • इस हमले के साथ ही कुवैत के वित्त मंत्रालय और अबू धाबी की एक फैक्ट्री को भी निशाना बनाने की कोशिश हुई है।
  • सऊदी और बहरीन जैसे देशों में काम करने वाले प्रवासियों को सुरक्षित रहने और सायरन बजने पर सुरक्षित जगहों पर जाने की सलाह दी गई है।
  • सितरा जैसे रिहायशी इलाकों में ड्रोन के मलबे गिरने से कुछ घरों को नुकसान पहुंचा है लेकिन नागरिक सुरक्षित हैं।

बहरीन के विदेश मंत्री ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भी इस मुद्दे को उठाया है और ईरान के इन हमलों को सोची-समझी साजिश बताया है। अब तक बहरीन की सेना ने कुल 445 ड्रोन और 188 मिसाइलों को नष्ट किया है। वहां रह रहे प्रवासियों को स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति से बचा जा सके।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.