ȧहरीन सरकार ने देश की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा कदम उठाया है। सुरक्षा एजेंसियों ने एक ऐसे गुप्त नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है जो कथित तौर पर ईरान के इशारे पर काम कर रहा था। बहरीन के गृह मंत्रालय के अनुसार, यह नेटवर्क धर्म की आड़ में ईरानी विस्तारवाद को बढ़ावा देने और देश में अस्थिरता फैलाने की कोशिश में जुटा था। इस कार्रवाई के तहत सुरक्षा बलों ने कई संदिग्धों और धार्मिक नेताओं को हिरासत में लिया है।
बहरीन सरकार ने इस कार्रवाई में क्या बड़े कदम उठाए हैं?
ȧहरीन में सुरक्षा बलों ने हाल के दिनों में सुरक्षा जांच और कार्रवाई को काफी तेज कर दिया है। सरकारी बयानों और रिपोर्टों के अनुसार, सुरक्षा बलों ने 20 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया है, जिनमें 5 शिया मौलवी भी शामिल हैं। इसके अलावा, प्रशासन ने संदिग्ध गतिविधियों से जुड़े संस्थानों की संपत्तियों और जाफ़री धार्मिक बंदोबस्त (Jaafari religious endowments) को अपने कब्जे में ले लिया है। देश में सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ईरान और इराक की यात्राओं पर भी कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं।
ईरानी एजेंटों पर बहरीन के गृह मंत्रालय ने क्या कहा?
ȧहरीन के गृह मंत्रालय ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा और सामाजिक शांति को खतरे में डालने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा। इससे पहले बहरीन के गृह मंत्री शेख राशिद बिन अब्दुल्ला अल खलीफा ने बयान दिया था कि ‘वेलायत-ए-फकीह’ (Velayat-e Faqih) के सिद्धांत को एक राजनीतिक एजेंडे के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है, जिसका मकसद लोगों की वफादारी को उनके अपने देश से हटाकर ईरान से जोड़ना है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पकड़े गए लोग युवाओं को भड़काने और गैर-कानूनी संगठनों के निर्देशों को पूरा करने का काम कर रहे थे।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ȧहरीन ने सुरक्षा को लेकर हाल ही में कौन से प्रतिबंध लगाए हैं?
ȧहरीन प्रशासन ने सुरक्षा को मजबूत करने के लिए संदिग्धों की संपत्तियों को जब्त करने के साथ-साथ ईरान और इराक की यात्रा करने पर प्रतिबंध लगाए हैं।
ȧहरीन में इस सुरक्षा कार्रवाई में कितने लोग पकड़े गए हैं?
ȧहरीन में जून 2026 के पहले हफ्ते में हुई सुरक्षा कार्रवाई के दौरान लगभग 20 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनमें 5 स्थानीय शिया मौलवी भी शामिल हैं।
