Londn: बलूच कार्यकर्ताओं ने 10 Downing Street के बाहर किया जोरदार प्रदर्शन, Surab में हुए एयरस्ट्राइक पर मांगा इंसाफ।

लंदन के 10 Downing Street के बाहर 12 अगस्त 2026 को बलूच कार्यकर्ताओं ने भारी विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन बलूचिस्तान के Surab इलाके में पाकिस्तानी बलों द्वारा किए गए कथित हवाई हमलों के खिलाफ आयोजित किया गया था। इस गंभीर घटना में कई आम नागरिकों की जान चली गई थी, जिसके बाद से लोगों में भारी गुस्सा देखने को मिल रहा है। इस पूरी विरोध प्रदर्शन का आयोजन Baloch National Movement (BNM) द्वारा किया गया था, जिसमें प्रदर्शनकारियों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हस्तक्षेप करने की मांग की है।
कथित एयरस्ट्राइक और आम नागरिकों की मौत
BNM के कार्यकर्ता Niaz Baloch ने जानकारी दी कि पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों ने 12 अगस्त की सुबह के शुरुआती घंटों में आम आबादी को निशाना बनाया था। इस हमले की वजह से कई निर्दोष लोगों की जान चली गई और कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हालांकि, पाकिस्तानी सेना की मीडिया विंग यानी Inter-Services Public Relations (ISPR) ने इस दावे को खारिज किया है। ISPR का कहना है कि यह घटना एक आईईडी यानी इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस के फटने की वजह से हुई थी, जिसमें आठ उग्रवादी और तीन आम नागरिक मारे गए थे।
स्थानीय संगठनों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं के आरोप
दूसरी तरफ, Baloch Voice for Justice जैसे स्थानीय समूहों ने पाकिस्तानी सेना के इस बयान को पूरी तरह से झूठा और मनगढ़ंत बताया है। मानवाधिकार रक्षक Mir Yar Baloch ने पाकिस्तानी वायु सेना पर Gidar और Surab में अंधाधुंध बमबारी करने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने यह भी कहा कि सैन्य कर्मियों ने घायलों का इलाज करने के लिए जा रहे मेडिकल स्टाफ को भी रोक दिया था, जिससे स्थिति और ज्यादा खराब हो गई। Baloch Yakjehti Committee की Sabiha Baloch ने इस पूरे सैन्य अभियान को नरसंहार करार दिया है क्योंकि राहत बचाव दल और पत्रकारों को वहां जाने से पूरी तरह रोक दिया गया था।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जांच की मांग
ईरान की Tasnim News Agency की रिपोर्टों में भी आधिकारिक पाकिस्तानी दावे पर सवाल उठाए गए हैं और आम नागरिकों की मौत की पुष्टि की गई है। इस बढ़ते विवाद के बीच, Baloch American Congress के अध्यक्ष Tara Chand ने 19 अगस्त 2026 को अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने अपील की है कि इस बात की उच्चस्तरीय जांच होनी क्या इन एयरस्ट्राइक के दौरान अमेरिकी में बने सैन्य उपकरणों और हथियारों का इस्तेमाल किया गया था या नहीं। इस बारे में अधिक जानकारी आप ANI News पर देख सकते हैं। बलूचिस्तान की इन घटनाओं से जुड़ी अन्य रिपोर्ट्स के लिए आप इस पेज और यहाँ विजिट कर सकते हैं। प्रदर्शनकारियों ने ब्रिटेन सरकार, यूरोपीय संघ और संयुक्त राष्ट्र से यह मांग की है कि बलूचिस्तान में हो रही इन घटनाओं की एक स्वतंत्र जांच शुरू की जाए ताकि दोषियों को सजा मिल सके।